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अरूप चटर्जी का सांसद ढुलू महतो पर तीखा हमला, कोयला चोर और अनपढ़ बताया

Published: Mon, 29 Jun 2026 09:13 PM (IST)

धनबाद की राजनीति में गरमाहट बढ़ गई है, जहां निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने सांसद ढुलू महतो को अनपढ़, कोयला चोर और रंगदार बताया है।

प्रेंस कांफ्रेंस को संबोधित करते निरसा के विधायक अरूप चटर्जी। (फोटो जागरण)

प्रेंस कांफ्रेंस को संबोधित करते निरसा के विधायक अरूप चटर्जी। (फोटो जागरण)

HighLights

  1. विधायक अरूप चटर्जी ने सांसद ढुलू महतो को कोयला चोर कहा।

  2. महतो पर अवैध खनन और जमीन हड़पने का गंभीर आरोप।

  3. चटर्जी ने 2029 चुनाव में टिकट न मिलने की उम्मीद जताई।

जागरण संवाददाता, धनबाद। धनबाद जिले की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। अभी सांसद महतो और मेयर संजीव सिंह व झरिया विधायक रागिनी सिंह के बीच का विवाद थमा ही नहीं था कि अब एक नई राजनीतिक गर्मी बढ़ गई है। इस बार सांसद महतो और निरसा विधायक अरूप चटर्जी आमने सामने हैं।

आरोप है कि बीते दिनों सांसद ढुलू महतो ने विधायक अरूप के पिता बलिदानी गुरुदास चटर्जी पर अपशब्द कहा था। इसी मामले को लेकर सोमवार को धनबाद परिसदन में विधायक चटर्जी ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि 2029 के लोकसभा चुनाव में धनबाद को निगलने वाले राक्षस को भाजपा टिकट नहीं देगी।

उन्होंने कहा कि सांसद ढुलू महतो अनपढ़, कोयला चोर और रंगदार हैं। ये ऐसे व्यक्ति हैं जिन्होंने अपने बेटे प्रशांत को भी कोयला चोर बना दिया है, जबकि हर पिता अपने बच्चे को आइएएस, आइपीएस या अन्य अच्छे पदों पर देखना चाहता है। विधायक अरूप ने यह भी घोषणा किया है कि कोयला माफियाओं के खिलाफ वे बाघमारा में धरना देंगे।

कोयला माफियाओं के खिलाफ थे पिता, इसलिए हुई हत्या : चटर्जी ने कहा कि वर्ष 1990 से लेकर 2000 तक उनके पिता विधायक थे। वे कोयला माफियाओं और भ्रष्टाचारियों के खिलाफ थे, इसलिए उनकी हत्या कर दी गई। आज भी उनके शहादत दिवस पर हजारों की भीड़ उमड़ती है। इसके बाद वर्ष 2000 में वे पहली बार विधायक बने, जबकि ढुलू महतो 2009 में विधानसभा पहुंचे थे। महतो को झारखंड की राजनीति का कोई ज्ञान नहीं है।

ढुलू महतो महेशपुर में 40-45 रुपये की दैनिक मजदूरी करते थे और आज 40 हजार करोड़ रुपये की संपत्ति है। यह केवल कोयला चोरी से संभव हो पाया है। आज लकड़का, तेतुलीया, अंगारपथरा, केशलपुर, महुदा, हाथुडीह समेत कई जगहों पर इनका अवैध कोयला खनन चल रहा है। वर्तमान में ढुलू के पास 13 कोल भठ्ठ हैं। इनमें छह इनके नाम पर और सात की पावर आफ अटर्नी ले रखा है। इन्हीं भठ्ठों में चोरी का कोयला खपाया जाता है। पिता-पुत्र रात भर ट्रकों से पैसा वसूलते हैं। सांसद ने गरीब लोगों की करीब 100 एकड़ जमीन हड़प लिया है।

सारे जनप्रतिनिधि खराब, केवल दोनों भाई ईमानदार

अरूप ने कहा कि सांसद ढुलू महतो के लिए केवल वे और उनके विधायक भाई ईमानदार हैं, बाकी सभी छह विधायक खराब हैं। यहां तक कि भाजपा के विधायक राज सिन्हा और रागिनी सिंह भी उनके लिए माफिया हैं। ढुलू ने आज तक संसद में कभी कोयला माफिया के खिलाफ आवाज तक नहीं उठाया।

ये माफिया के खिलाफ हैं तो उन्हें संसद में सीबीआई और ईडी जांच की मांग करनी चाहिए थी। वे खुद इस अवैध धंधे में शामिल हैं तो आवाज कहां से निकलेगी। अपने संसदीय कार्यकाल में ढुलू महतो ने धनबाद के लिए कुछ नहीं किया। यहां तक कि दिल्ली से एक नाली तक नहीं ला पाए हैं।

सांसद को नहीं पता गया पुल कहां

चटर्जी ने कहा कि गया पुल अंडरपास के श्रेय सांसद लेते हैं, जबकि वे विधायक रहते हुए कभी भी विधानसभा में गया पुल अंडरपास की मांग नहीं रखी। जबकि धनबाद विधायक राज सिन्हा और पूर्व मेयर चंद्रशेखर अग्रवाल हर बार सरकार से यह मांग करते रहे। जबकि ढुलू महतो को नहीं पता कि गया पुल गया में है या मुंगेर में या फिर धनबाद में।

इसी प्रकार से गोविंदपुर और निरसा में बन रहे फ्लाई ओवर में भी सांसद को कोई योगदान नहीं है। जब केंद्रीय सड़क व परिवहन मंत्री नितिन गडकरी रांची आए थे तो उस वक्त के सांसद पीएन सिंह, वे और अन्य जनप्रतिनिधियों ने मिलकर फ्लाई ओवर की मांग की थी। फ्लाई ओवर के निर्माण में गोविंदपुर और निरसा नागरिक समिति का अहम योगदान है।

उन्होंने कहा कि फ्लाई ओवर को लेकर 24 जून 2024 में निरीक्षण हुआ था और 11 जुलाई को इसके लिए टेंडर निकाला गया था, जबकि लोकसभा चुनाव चार जून को हुआ और उसके कई दिनों बाद परिणाम आया था। ऐसे में ढुलू ने इसके लिए प्रयास कब किया।

यदि ढुलू में दम तो कोयला माफिया के खिलाफ जांच कराएं

अरूप चटर्जी ने सांसद ढुलू महतो को चैलेंज भी दिया है। उन्होंने कहा कि फ्लाई ओवर निर्माण कार्य में लगी जीत कंपनी ने जिस जमीन पर काम कर रही है, वह ग्रामीणों की है। जबकि इसके एवज में ढुलू महतो ने 25 लाख रुपये की रंगदारी ली है। यह पैसा ग्रामीणों को मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सांसद में दम है तो माफियाओं के खिलाफ जांच करा दें। उन्होंने यह भी कहा कि निरसा में वे माफिया पैदा नहीं होने देंगे।