जागरण संवाददाता, धनबाद: शहीद निर्मल महतो मेमोरियल कॉलेज एवं अस्पताल में 5 वर्षों से बनकर तैयार बर्न वार्ड अभी तक नहीं खुल पाया है। वर्ष 2018 में भवन प्रमंडल विभाग ने 41 लाख रुपए की लागत से बर्न यूनिट का निर्माण किया था। लेकिन अभी तक विभागीय उदासीनता के कारण बर्न वार्ड को नहीं खोला जा सका है लिहाजा अस्पताल आने वाले गंभीर रूप से जलने वाले मरीजों को पुराने बर्न वार्ड में रखा जा रहा है। अस्पताल के पुराने बर्न वार्ड में व्यवस्था काफी खराब है। यहां आने वाले मरीज दूसरे मरीज से संक्रमण के शिकार हो रहे हैं। वार्ड के बाहर ही गंदगी का अंबार लगा हुआ है। फिलहाल इस बर्न वार्ड के पास शराबियों का अड्डा बन गया है। स्टील गेट के पास शराब पीने वाले लोग देर रात तक यहीं बैठ कर अड्डा जमाते हैं।

अस्पताल प्रबंधन नहीं दिखा रहा रुचि

5 वर्ष पहले बने बर्न वार्ड को अभी तक हैंड ओवर की प्रक्रिया पूरी नहीं की जा सकती है। बताया जाता है कि भवन प्रमंडल विभाग ने बर्न वार्ड का निर्माण कराया, लेकिन गाइडलाइन का पालन नहीं किया है। इस वजह से बर्न वार्ड की तरह यह भवन नहीं बन पाया है। इसका हवाला देकर शहीद निर्मल महतो मेमोरियल कॉलेज एवं अस्पताल प्रबंधन ने अभी तक भवन को हैंड ओवर नहीं लिया है। 2 विभागों की आपसी समन्वय नहीं होने के कारण इसका खामियाजा सीधे आम जनता को उठाना पड़ रहा है।

बर्न यूनिट खोलने को लेकर मंत्री से शिकायत

एक और अस्पताल प्रबंधन ने बर्न यूनिट को लेकर मुख्यालय को पत्र लिखा है। पत्र में बर्न यूनिट की स्थिति और उसे हैंड ओवर को लेकर तमाम जानकारी पर निर्देश मांगे गए हैं। तो दूसरी ओर स्थानीय कार्यकर्ताओं ने इसके लिए स्वास्थ्य मंत्री से शिकायत की है। यह बर्न यूनिट स्टील गेट के परिसर में बनाया गया है। इसके बगल में ही नगर निगम की ओर से कंपैक्टर मशीन स्थापित किया गया है। अस्पताल के अधीक्षक डॉ अरुण कुमार वर्णवाल ने बताया कि मुख्यालय के निर्देश के बाद पर यूनिट खोलने की दिशा में कार्य किए जाएंगे।

Edited By: Atul Singh