जागरण संवादाता, धनबाद: मानसून की शुरुआत कोयलांचल में हो गई है। ऐसे में बरसात में सबसे ज्यादा सर्पदंश के मामले आते हैं। इसी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अरुण कुमार सिंह ने सभी सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में एंटी स्नेक वेनम की उपलब्धता और स्टॉक रखने का निर्देश दिया है। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के निदेशक ने भी इस संबंध में सभी जिलों के सिविल सर्जन और प्रभारियों को निर्देशित किया है। प्रखंडों के कई सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में कुत्ता काटने पर दी जाने वाली एंटी रेबीज वैक्सीन और सर्पदंश होने के बाद दिए जाने वाले एंटी स्नेक वेनम नहीं है।

एसएनएमएमसीएच में ही केवल उपलब्ध

धनबाद में केवल शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में ही दर्द दर्द के बाद दी जाने वाली एंटी स्नेक वेनम स्टॉक में है। अस्पताल प्रबंधन की मानें तो लगभग दो हजार से ज्यादा एंटी स्नेक वेनम का डोज स्टॉक में है। हालांकि इस तरह के मामले भी अब अस्पताल में आने लगे हैं। अस्पताल प्रबंधन की माने तो जून महीने में अब तक 8 से ज्यादा मामले सर्पदंश के आए हैं। लेकिन आशंका जताई जा रही है कि जुलाई में यह संख्या काफी बढ़ जाएगी। गरीब मरीजों को एंटी स्नेक वेनम के लिए शहर आने के अलावा फिलहाल कोई चारा नहीं है।

विधायक को भी विधायक मद से करनी है मदद

विभागीय निर्देश के अनुसार विधानसभा क्षेत्र में पड़ने वाले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में एंटी स्नेक वेनम और एंटी रेबीज वैक्सीन के लिए विधायक मद से भी मदद किया जा सकता है। इसके लिए संबंधित क्षेत्र के विधायकों से भी विभाग में अपील की है कि अपने विधायक मद से अंशदान करें। बरसात में खेती का मौसम शुरू होता है। ऐसे में ग्रामीण इलाके में सबसे ज्यादा सर्पदंश के मामले सामने आते हैं। तत्काल इलाज नहीं होने के कारण कई लोगों की मौत हो जाती है।

Edited By: Atul Singh