दामोदर नदी में उफान से झरिया में पेयजल संकट, दो लाख आबादी प्रभावित
Dhanbad News: लगातार बारिश के कारण दामोदर नदी उफान पर है, जिससे धनबाद के झरिया में दो लाख लोगों की ...और पढ़ें

धनबाद के डुमरी क्षेत्र में दामोदर नदी का बढ़ा जलस्तर। (फोटो जागरण)
HighLights
लगातार बारिश से दामोदर नदी का जलस्तर 460 आरएल पहुंचा।
झरिया में दो लाख लोगों की पेयजल आपूर्ति बाधित हुई।
कचरा और जलकुंभी से जल भंडारण कार्य प्रभावित हो रहा।
संस, डुमरी (धनबाद)। झारखंड में लगातार तीन दिनों से हो रही बारिश के कारण दामोदर नदी उफान पर है। पिछले तीन वर्षों में पहली बार नदी का जलस्तर 460 आरएल तक पहुंचा है। धनबाद के डुमरी इलाके में जलस्तर बढ़ने से झमाडा के जल भंडारण कार्य पर असर पड़ा है।
सोमवार को पाथरडीह की 18 इंची पाइपलाइन से जुड़े उपभोक्ताओं को पेयजल नहीं मिल सका। इससे झरिया समेत आसपास के क्षेत्रों की करीब दो लाख आबादी प्रभावित हुई। पेयजल आपूर्ति बाधित होने से लोगों में आक्रोश है।
आंकड़ों के अनुसार, सितंबर 2024 और 2025 में दामोदर नदी का अधिकतम जलस्तर 458 आरएल दर्ज किया गया था। इस वर्ष 460 आरएल पहुंचने से जल भंडारण केंद्र के सामने नई चुनौती खड़ी हो गई है।
कचरा और जलकुंभी से जाम हो रहा फुटबाल
जलस्तर बढ़ने के साथ नदी में कचरा और जलकुंभी का बहाव तेज हो गया है। यह कचरा इंटेक वाल्व के समीप लगे फुटबाल में फंसकर उसे जाम कर देता है। इससे मोटर पंप को पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं मिल पाता और जल भंडारण कार्य प्रभावित होता है। झमाडा कर्मियों को मोटर पंप बंद कर बार-बार फुटबॉल की सफाई करनी पड़ रही है।
रुक-रुककर जल भंडारण से घट रहा पानी का प्रेशर
मोटर पंप बार-बार बंद होने से जल भंडारण गृह तक पानी की आपूर्ति बाधित हो रही है। सफाई के बाद पंप चालू करने पर पहले जल भंडारण गृह में पर्याप्त जलस्तर तैयार करना पड़ता है। इसमें आधे घंटे से अधिक समय लग जाता है।
इसका सीधा असर जलापूर्ति के दबाव पर पड़ता है। निचले इलाकों में रहने वाले उपभोक्ताओं को कम दबाव में भी पानी मिल जाता है लेकिन ऊंचाई वाले क्षेत्रों में पानी नहीं पहुंच पाता।
वहीं दूसरी और दामोदर में तेज बहाव के कारण रात में कर्मियों के लिए नदी में उतरकर फुटबाल की सफाई करना मुश्किल होता है। इस कारण रात में मोटर पंप बंद रहने से जल भंडारण कार्य लंबे समय तक प्रभावित रहता है।
झमाडा एसडीओ कृपा शंकर ने बताया कि कचरा फंसने के कारण जल भंडारण में समस्या आ रही है। कुछ समय बाद स्थिति सामान्य हो जाएगी। झरिया व आसपास के क्षेत्रों में लगातार जलापूर्ति का प्रयास किया जा रहा है।
