चितरा, देवघर : कोयलांचल के नावाडीह के डेढ़ दर्जन से अधिक गरीबी रेखा के नीचे जीवन बसर करने वाले दलित परिवारों के समक्ष भुखमरी की स्थिति पैदा हो गई है। राशन कार्ड के अभाव में पीडीएस दुकान से राशन नहीं मिल रहा है।

वहीं सरकारी सहायता के रूप में भी खाद्य सामग्री नहीं मिल रही है। इस संबंध में मुरारी दास, योगेंद्र दास, चुनचुन दास, द्रोपदी देवी, कुसमी देव्या, विदेशी दास, जिया दास समेत लगभग डेढ़ दर्जन परिवार के लोगों का कहना है कि राज्य में खाद्य सुरक्षा कानून लागू होने के बाद भी उन्हें राशन कार्ड नहीं मिला। जिस कारण पीडीएस दुकान से उन्हें अनाज व अन्य सामग्री नहीं मिलता है। जबकि वह सभी गरीबी रेखा के नीचे जीवन-बसर करते हैं। कोरोना वायरस के वजह से देशव्यापी लॉक डाउन के कारण गरीब, जरूरतमंद परिवारों को पीडीएस दुकान से राज्य सरकार की तरफ से दाल, चावल व आलू आदि राहत के रूप में खाद्य सामग्री उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके अलावे जनधन खाते में 500 रुपए मिल रहे हैं। लेकिन उन्हें ना तो खाद्य सामग्री और न जनधन खाते में पैसे ही मिले हैं। जबकि लॉक डाउन के कारण वह सभी घर पर बैठकर जीवन गुजार रहे हैं। रोजी रोजगार के अभाव में उनके समक्ष रोटी के लाले पड़ने लगे हैं।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस