नवरात्र में 'स्वर्ग' सा सजेगा मां वैष्णो देवी भवन, 2 किमी तक होगी भव्य सजावट; 400 कारीगर दिन-रात जुटे
शारदीय नवरात्रों के लिए मां वैष्णो देवी भवन परिसर में भव्य सजावट की तैयारियां तेज हो गई हैं, जिसमें 400 ...और पढ़ें

शारदीय नवरात्रों को लेकर मां वैष्णो देवी भवन परिसर में की जा रही भव्य सजावट। फोटो- जागरण
HighLights
शारदीय नवरात्रों के लिए वैष्णो देवी भवन में भव्य सजावट जारी।
करीब 400 कारीगर दो किलोमीटर क्षेत्र में सजावट कार्य कर रहे।
दिव्यांग श्रद्धालुओं के लिए स्टील रैंप और विशेष पंडाल तैयार।
जागरण संवाददाता, कटड़ा। आगामी 11 अक्टूबर से शुरू होने वाले पवित्र शारदीय नवरात्रों को लेकर विश्व प्रसिद्ध मां वैष्णो देवी भवन परिसर को भव्य और दिव्य रूप देने की तैयारियां जोरों पर हैं। नवरात्रों के दौरान देश-विदेश से पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को धार्मिक आस्था के साथ भव्य सजावट का अनुभव कराने के लिए श्राइन बोर्ड की ओर से व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं। भवन परिसर के करीब दो किलोमीटर क्षेत्र में सजावट का कार्य करीब 400 कारीगरों की टीम द्वारा किया जा रहा है।
भवन परिसर में जगह-जगह विशाल स्वागत द्वार तैयार किए जा रहे हैं। इसके साथ ही विभिन्न स्थानों को रंग-बिरंगी चुनरियों, आकर्षक सजावटी सामग्री और फूलों से सजाने का कार्य भी जारी है। नवरात्रों से पहले पूरे परिसर को आकर्षक रूप देने के लिए कारीगर लगातार कार्य में जुटे हुए हैं।
देवी-देवताओं से संबंधित विशाल पंडाल बनाए जा रहे
नवरात्रों के दौरान भवन परिसर में मां वैष्णो देवी के नौ स्वरूपों के साथ मां दुर्गा, महाकाली, मां सरस्वती, शिव परिवार, राम परिवार, राधा-कृष्ण, वीर हनुमान और भोले शंकर सहित विभिन्न देवी-देवताओं से संबंधित विशाल पंडाल बनाए जा रहे हैं।
इन पंडालों को धार्मिक एवं आकर्षक स्वरूप देने का कार्य तेजी से चल रहा है। श्रद्धालुओं के लिए यह सजावट नवरात्रों के दौरान विशेष आकर्षण का केंद्र रहने की उम्मीद है।
पवित्र गुफा से भैरव घाटी तक सजेगा यात्रा मार्ग
पवित्र गुफा स्थल अटका स्थल के साथ कृत्रिम गुफाओं और उनके आसपास के प्रांगण को भी भव्य रूप देने की तैयारी की जा रही है। इसके अलावा भैरव घाटी, भैरवनाथ मंदिर, धार्मिक अर्धकुंवारी, मंदिर प्रवेश द्वार, दर्शनी ड्योढ़ी, नए ताराकोट मार्ग के प्रवेश द्वार और सांझीछत सहित यात्रा मार्ग के विभिन्न प्रमुख स्थलों पर भी सजावट का कार्य शुरू हो चुका है।
इन स्थानों पर स्वागत द्वार लगाने के साथ रंग-बिरंगी चुनरियां और अन्य सजावटी सामग्री लगाई जा रही है।
आने वाले दिनों में भवन परिसर और यात्रा मार्ग के प्रमुख हिस्सों को विभिन्न प्रकार के देशी फूलों तथा फलों से सजाया जाएगा। श्राइन बोर्ड की ओर से इन सभी तैयारियों को नवरात्रों के आरंभ होने से पहले पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
आरती के लिए भी विशेष तैयारियां
वहीं, नवरात्रों के दौरान सुबह और शाम मां वैष्णो देवी की पवित्र पिंडियों की होने वाली विशेष सजावट और आरती के लिए भी तैयारियां की जा रही हैं। श्राइन बोर्ड के त्रिकूट पर्वत क्षेत्र में स्थापित गांव कुंन्या के समीप दुर्गा वाटिका से ताजे फूलों की व्यवस्था की जाएगी। विभिन्न प्रकार के गुलाब और कमल के फूलों सहित अन्य पुष्पों से मां की पवित्र पिंडियों का श्रृंगार किया जाएगा।
जरूरतमंद श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए स्टील रैंप
शारदीय नवरात्रों में लाखों श्रद्धालुओं के मां वैष्णो देवी भवन पहुंचने की संभावना है। श्रद्धालु जहां मां के चरणों में शीश नवाकर परिवार की सुख-शांति और समृद्धि की कामना करेंगे, वहीं भवन परिसर में की जा रही भव्य सजावट और विशाल धार्मिक पंडाल भी उनके लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बनेंगे।
श्राइन बोर्ड की ओर से दिव्यांग और अन्य जरूरतमंद श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए स्टील रैंप की तैयारी को अंतिम रूप दिया जा रहा हैं
