टपकती छत, दीवारों में करंट और उखड़ता पलस्तर... जम्मू में PM श्री स्कूल का ये हाल! 600 बच्चों की पढ़ाई पर खतरा
ऊधमपुर के लोअर बरमीन स्थित पीएम श्री हायर सेकेंडरी स्कूल की जर्जर इमारत में 600 बच्चे पढ़ने को मजबूर हैं, ...और पढ़ें

पीएम श्री हायर सेकेंडरी स्कूल में गीली दिवारों पर लगी दीमक और उखड़ता पलस्तर।
HighLights
छत टपकती, दीवारें सीलन भरी, पलस्तर उखड़ रहा।
टूटी चारदीवारी से मवेशी घुसते, बच्चों की सुरक्षा खतरे में।
पीएम श्री योजना के बावजूद 600 बच्चे जर्जर भवन में।
जागरण संवाददाता, ऊधमपुर। किताबें खुलती हैं तो साथ में छत से पानी भी टपकता है। दीवारें सीलन से गीली हैं, कई जगह पलस्तर उखड़ रहा है और बारिश के दिनों में कक्षाओं से लेकर गलियारों तक पानी पहुंच जाता है। कभी दीवार छूने पर करंट महसूस होने की शिकायत सामने आती है तो कभी जर्जर कमरों को छो
ड़कर बच्चों को दूसरी कक्षाओं में बैठाना पड़ता है। लोअर बरमीन के पीएम श्री हायर सेकेंडरी स्कूल में करीब 600 बच्चे वर्षों से ऐसी ही परिस्थितियों में पढ़ने को मजबूर हैं।
शिकायतों और आश्वासनों का दौर चलता रहा, स्कूल पीएम श्री योजना में भी शामिल हुआ, लेकिन इमारत की हालत नहीं सुधरी। आजादी के 80 वर्ष पूरे होने का जश्न मनाते देश में बच्चों के लिए सुरक्षित स्कूल भवन का इंतजार व्यवस्था की प्राथमिकताओं पर सवाल खड़े कर रहा है।
1935 में बना था स्कूल
गांव के लोगों के मुताबिक, स्कूल वर्ष 1935 में बना था। वर्ष 1956 में आठ कमरों की इमारत बनाई गई और 1965 में पहली मंजिल पर दो अतिरिक्त कक्ष बनाए गए। नियमित रखरखाव के अभाव में इमारत की हालत लगातार बिगड़ती गई। गांव के लोगों और स्कूल शिक्षकों ने जनप्रतिनिधियों, प्रशासन, राजस्व विभाग और पंचायत प्रतिनिधियों को कई बार स्थिति से अवगत कराया, लेकिन स्थायी समाधान नहीं हुआ।
2022 में स्कूल पीएम श्री योजना में शामिल
वर्ष 2022 में स्कूल को पीएम श्री योजना में शामिल किया गया तो ढांचागत सुधार की उम्मीद जगी। हालांकि योजना के तहत मुख्य रूप से शैक्षणिक भ्रमण, स्वच्छता और अन्य गतिविधियों के लिए फंड मिला। रखरखाव के लिए प्रतिवर्ष करीब एक लाख रुपये की ग्रांट भी मिली, लेकिन दस कमरों वाली पुरानी इमारत की व्यापक मरम्मत के लिए यह राशि पर्याप्त नहीं थी। स्कूल ने उपलब्ध संसाधनों से कुछ कमरों के फर्श सहित छोटे-मोटे मरम्मत कार्य करवाए।
बारिश में टपकती कक्षाएं, दीवारों में करंट
विद्यार्थियों और अभिभावकों के अनुसार अगस्त 2025 की भारी बारिश ने स्कूल की हालत और बिगाड़ दी। करीब 30 मीटर चारदिवारी ढह गई और पीछे बहने वाले नाले से आया भारी मलबा जमा हो गया। बारिश के बाद पूरी इमारत में सीपेज की समस्या बढ़ गई। इस वर्ष भी बारिश के दौरान लगभग सभी कमरों की छतें टपकने लगती हैं। कई जगह पलस्तर छूटकर गिर रहा है।
दो से तीन कमरों में भारी बारिश के दौरान करीब 100 विद्यार्थियों को कई दिनों तक नहीं बैठाया जाता और उन्हें हाल या दूसरी कक्षाओं में समायोजित करना पड़ता है। पहली मंजिल पर एसीआर में लगे सोलर पैनल के बाद बारिश में बच्चों ने दीवार छूने पर हलका करंट महसूस होने की शिकायत की।
इलेक्ट्रिशियन से जांच करवाने पर दीवारों में करंट पाया गया। बाद में वैकल्पिक व्यवस्था कर समस्या को ठीक करवाया गया। यहां तक की मौखिक रूप से स्कूल की छत पर जाने से भी विद्यार्थियों को मना किया गया है।
टूटी चारदिवारी से अंदर आते मवेशी
चारदिवारी टूटने के बाद आवारा कुत्ते, घोड़े और गाय स्कूल परिसर में घुस आते हैं। शिक्षकों और स्टाफ को कई बार कक्षाएं छोड़कर इन्हें बाहर निकालना पड़ता है। इसके साथ ही स्कूल में कोई भी चीज बाहर नहीं छोड़ी जा सकती। क्योंकि इसके चोरी का नुकसान होना डर रहताहै।
ग्रामीणों के अनुसार गत 26 जनवरी को विधायक बलवंत सिंह मनकोटिया के स्कूल दौरे के दौरान उन्हें जर्जर इमारत और चारदिवारी की स्थिति से अवगत करवाया गया था। विधायक ने चारदिवारी के लिए बीडीओ को लिखा भी था, लेकिन अभी तक निर्माण नहीं हुआ।
दस पंचायतों के करीब 600 बच्चे प्रभावित
लोअर बरमीन की पूर्व सरपंच सुष्मा देवी ने बताया कि विधायक के पिछले वर्ष स्कूल दौरे के दौरान पंचायत प्रतिनिधियों और शिक्षकों ने जर्जर इमारत, टूटी चारदिवारी और बारिश की समस्या रखी थी। उन्होंने बताया कि बिंडला, लाड़, मानी, अपर बरमीन, लोअर बरमीन, सयालता, हरतेयान सहित आसपास के गांवों और पंचायतों से करीब 600 बच्चे स्कूल में पढ़ते हैं।
ग्रामीणों के अनुसार स्कूल की मांग पर विधायक ने संबंधित बीडीओ को एस्टीमेट तैयार करने के लिए मामला भेजा था, लेकिन अभी तक काम शुरू नहीं हुआ। सुष्मा देवी, पूर्ण चंद और अन्य ग्रामीणों ने सीडीएफ से स्कूल के जीर्णोद्धार और चारदिवारी के लिए धन जारी करने की मांग की।
स्थिति की जानकारी लेकर उठाएंगे उचित कदम : सीईओ
सीईओ ऊधमपुर सुनील कुमार खजूरिया ने कहा कि वर्षा के बाद स्कूल खोलने से पहले इमारतों का ऑडिट करवाया गया था। सभी स्कूलों को निर्देश दिए गए हैं कि जर्जर कमरों में बच्चों को न बैठाया जाए। बरमीन स्कूल की स्थिति की जानकारी लेकर बच्चों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
अधिकारियों के साथ जल्द स्कूल का दौरा करेंगे : विधायक
विधायक बलवंत सिंह मनकोटिया ने कहा कि पीएम श्री हायर सेकेंडरी स्कूल बरमीन की इमारत काफी पुरानी है और पिछले वर्ष की बारिश से इसे काफी नुकसान पहुंचा है। चारदिवारी के लिए संबंधित विभाग को लिखा गया था। काम क्यों नहीं हुआ, इसका पता लगाया जाएगा।
जल्द शिक्षा विभाग, ग्रामीण विकास विभाग और अन्य संबंधित अधिकारियों के साथ स्कूल का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया जाएगा और बच्चों की सुरक्षा व सुविधा के लिए उचित निर्देश दिए जाएंगे।
