'370 और ऑटोनॉमी पर चर्चा नहीं होने देंगे...', सुनील शर्मा ने उमर अब्दुल्ला पर साधा निशाना; 3 सवालों के जवाब मांगे
भाजपा नेता सुनील शर्मा ने उमर अब्दुल्ला पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी स्टेटहुड की आड़ में अनुच्छेद 370 ...और पढ़ें

BJP का सवाल- स्टेटहुड के प्रस्ताव में 2000 की ऑटोनॉमी का जिक्र क्यों?
HighLights
भाजपा अनुच्छेद 370 और स्वायत्तता पर चर्चा स्वीकार नहीं करेगी।
सुनील शर्मा ने उमर अब्दुल्ला से तीन तीखे सवाल पूछे।
सरकार पर प्रशासनिक विफलताओं से ध्यान भटकाने का आरोप लगाया।
राज्य ब्यूरो, श्रीनगर। जम्मू कश्मीर में नेता प्रतिपक्ष और भाजपा के वरिष्ठ नेता सुनील शर्मा ने शुक्रवार को प्रदेश विधानसभा में मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला द्वारा स्टेटहुड की आड़ में ग्रेटर आटोनामी और विशेष दर्जे की बहाली के प्रस्ताव को लाने पर कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा- भाजपा ऐसे किसी भी प्रयास को स्वीकार नहीं करेगी, जिसमें स्टेटहुड की मांग की आड़ में अनुच्छेद 370 या कथित स्वायत्तता के मुद्दे को फिर से बहस के केंद्र में लाया जाए।
उन्होंने कहा कि भाजपा प्रदेश विधानसभा के भीतर और बाहर दोनों जगह नेशनल कान्फ्रेंस के साथ स्टेटहुड के मुद्दे पर बहस के लिए तैयार है। भाजपा का एक एक विधायक इस पर अपनी बात रखने को तैयार है, लेकिन अनुच्छेद 370 और ऑटोनॉमी से जुड़े प्रस्तावों पर चर्चा की अनुमति नहीं दी जाएगी।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार अपनी कथित प्रशासनिक विफलताओं से ध्यान हटाने के लिए पुराने भावनात्मक मुद्दों को फिर से सामने ला रही है।

3 सवालों के जवाब मांगे
उन्होंने उमर अब्दुल्ला को सीधे निशाने पर लेते हुए तीन सवाल उठाए। शर्मा ने पूछा कि 2000 के ऑटोनॉमी प्रस्ताव को केंद्र की तत्कालीन अटल बिहारी वाजपेयी सरकार द्वारा खारिज किए जाने के समय उमर अब्दुल्ला एनडीए सरकार में मंत्री थे या नहीं और क्या उन्होंने उसके बाद भी एनडीए के साथ अपना राजनीतिक संबंध जारी नहीं रखा था?
दूसरा सवाल उन्होंने कांग्रेस से किया। शर्मा ने कांग्रेस से अपनी स्थिति स्पष्ट करने को कहा कि वह अनुच्छेद 370 और ऑटोनॉमी से जुड़े प्रस्तावों के साथ खड़ी है या जम्मू-कश्मीर सरकार के वर्तमान स्टेटहुड प्रस्ताव के साथ।
तीसरा सवाल सीधे उमर अब्दुल्ला से था। शर्मा ने पूछा कि क्या प्रस्ताव में इस तरह की शब्दावली शामिल करके सरकार जम्मू-कश्मीर के स्टेटहुड की बहाली को ही लंबा खींचने की कोशिश कर रही है?
स्टेटहुड के बहाने पुराने मुद्दे उठाने की कोशिश
उन्होंने स्पष्ट किया कि 'तथाकथित ऑटोनॉमी' और अनुच्छेद 370 को लेकर किसी भी प्रस्ताव या बहस को भाजपा स्वीकार नहीं करेगी। भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि स्टेटहुड को लेकर सरकार की ओर से उठाया गया कदम राजनीतिक रूप से पुराने मुद्दों को पुनर्जीवित करने का प्रयास है।
उन्होंने कहा कि भाजपा इस मुद्दे पर अपना विरोध जारी रखेगी और तब तक प्रदर्शन करती रहेगी जब तक सरकार इन सवालों पर अपनी स्थिति स्पष्ट नहीं करती।
