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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 07, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Rajouri News: सीमा पार से लगातार निर्देश ले रहे थे राजौरी हमले में शामिल आतंकी

By Jagran NewsEdited By: Nidhi Vinodiya
Published: Sat, 07 Jan 2023 08:53 AM (IST)

राजौरी के ढांगरी को दहलाने वाले आतंकी लगातार इंटरनेट मीडिया का इस्तेमाल कर नियंत्रण रेखा के पार अपने आकाओं के ...और पढ़ें

सीमा पार से लगातार निर्देश ले रहे थे राजौरी हमले में शामिल आतंकी
सीमा पार से लगातार निर्देश ले रहे थे राजौरी हमले में शामिल आतंकी

राजौरी, जागरण संवाददाता :  नव वर्ष पर राजौरी के ढांगरी को दहलाने वाले आतंकी लगातार इंटरनेट मीडिया का इस्तेमाल कर नियंत्रण रेखा के पार अपने आकाओं के संपर्क में थे और उनसे निर्देश ले रहे थे। इन्हीं आतंकियों ने एक पखवाड़े पहले राजौरी में सैन्य शिविर के बाहर दो हिंदू युवकों की हत्या भी की थी और उसके बाद लगातार ठिकाने बदल रहे थे। ये आतंकी गांवों में लोगों के घरों में खाना खाते थे और उनके मोबाइल के हाटस्पाट का इस्तेमाल कर इंटरनेट मीडिया से अपने हैंडलर से निर्देश लेते रहे।

आतंकी नियमित ले रहे थे पकिस्तान के अपने आकाओं से निर्देश  

सुरक्षाबलों ने इस आधार पर अब तक नायब सरपंच और महिला समेत 20 से अधिक लोगों को पूछताछ के लिए उठाया है। ज्यादातर के फोन का नेटवर्क आतंकियों ने इस्तेमाल किया है। राजौरी के ढांगरी में पहली जनवरी को आतंकी हमले व अगले दिन आइईडी धमाके में छह लोगों की मौत हो गई थी और एक दर्जन से अधिक घायल हुए थे। जांच एजेंसियों ने आतंकियों की मूवमेंट की जांच की तो उनके होश उड़ गए। यह आतंकी लगभग 20 दिन से राजौरी और आसपास न केवल सक्रिय थे, बल्कि पाकिस्तान में अपने आकाओं से इंटरनेट मीडिया के माध्यम से नियमित निर्देश ले रहे थे। ये आतंकी 12 दिसंबर को मुरादपुर और आसपास के गांवों में छिपे रहे।

अल्फा गेट स्थित सैन्य शिविर पर हमले की साजिश रची

सीमापार से निर्देश के आधार पर इन्होंने 16 दिसंबर को राजौरी के अल्फा गेट स्थित सैन्य शिविर पर हमले की साजिश रची, लेकिन एकाएक तीन युवक सामने आए और आतंकियों ने उन पर ही गोलियों की बौछार कर दी। इसमें दो की मौत हो गई और एक अन्य जख्मी हो गया। संतरियों के सतर्क होते ही आतंकी फरार हो गए। जांच में सामने आया है कि इसके बाद आतंकी पुख्तो नदी पार कर ढांगरी से सटे क्षेत्रों में पहुंचे और वहां छिपे रहे। आकाओं से हमले का निर्देश मिलते ही इन्होंने हिंदू परिवारों पर हमला कर दिया।

हिरासत में लिए लोगों में तीन महिलाएं

ढांगरी हमले के बाद पूछताछ के लिए हिरासत में लिए लोगों में तीन महिलाएं हैं। सूत्रों का कहना है कि अल्फा गेट स्थित सैन्य शिविर के बाहर हुए हमले के बाद आतंकी इन लोगों के घरों में रहे और खाना खाया। साथ इनके फोन के हाटस्पाट का भी उपयोग किया।

अनसुलझे सवाल 

आतंकियों को किसने रोशनी दिखाई?

आतंकियों ने अंधाधुंध फायरिंग कर ढांगरी में चार लोगों की हत्या कर दी थी। सूत्रों के अनुसार उनके साथ एक व्यक्ति हाथ में टार्च लिए हुए था और एक घर से दूसरे घर ले जा रहा था। उसके पास हथियार नहीं था। उसके संदर्भ में कोई सुराग नहीं है। यह भी स्पष्ट नहीं हो पाया है कि वह स्थानीय था या आतंकियों का मददगार जिसने पूरे क्षेत्र की रेकी कर रखी थी। आतंकियों ने 15 मिनट में ही हमला को अंजाम दिया और भाग गए।

दो फायर करके किसको दिया संकेत?

ढांगरी हमले के बाद आतंकी घटनास्थल के पास बिजली के टावर के पास पहुंचे थे और हवा में दो फायर किए। माना जा रहा है कि यह हमले की कामयाबी का संकेत था पर यह किसके लिए था, सुरक्षा एजेंसियां इसे नहीं सुलझा पाई हैं। आशंका है कि क्षेत्र में कुछ और भी आतंकी मौजूद रहे होंगे, जिन्हें संकेत दिया गया कि वह सुरक्षित निकल गए हैं।