जम्मू, जागरण संवाददाता : अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (एडीजीपी) जम्मू मुकेश सिंह ने कहा कि मादक पदार्थों मानवता के लिए सबसे बड़ा खतरा है। नशे को जड़ से उखाड़ फेंकने के लिए समाज के हर वर्ग को अपना सहयोग देना होगा। केवल पुलिस या समाज ही इस चुनौती से लड़ रहा है जो हमारी युवा पीढ़ी को बर्बाद करने का काम कर रही है। ये बातें एडीजी ने विश्व नशा विरोधी दिवस के अवसर पर समाज सेवी संगठन टीम जम्मू द्वारा आयोजित कार्यक्रम के दौरान कहीं।

एडीजीपी मुकेश सिंह ने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी करने वाले लोग युवाओं को अपना आसान निशाना बनाते हैं। ऐसे लोगों से सब को सतर्क रहने की जरूरत है। उन्होंने टीम जम्मू द्वारा विश्व नशा विरोधी दिवस पर इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने पर बधाई दी और कहा कि अन्य समाज सेवी संगठनों को इस मुद्दे पर बढ़ चढ़ कर आवाज उठानी चाहिए।

वहीं, टीम जम्मू के चेयरमैन जोरावर सिंह जम्वाल ने उप राज्यपाल मनोज सिन्हा के उस बयान का स्वागत किया, जिसमें उन्होंने जम्मू कश्मीर में बढ़ रही मादक पदार्थों की तस्करी पर चिंता व्यक्त की है और इस की रोकथाम के लिए हर संभव कदम उठाने की बात भी कही। जोरावर सिंह ने कहा कि यह सही समय है जब जम्मू कश्मीर से नशे को उखाड़ फेंकने की जरूरत है। नशे के विरुद्ध अब निर्णायक लड़ाई लड़ने की जरूरत है। उन्होंने जम्मू पुलिस द्वारा नशे के विरोधी चलाए जा रहे अभियान की सराहना की और कहा कि पुलिस विभाग में अभी भी कुछ काली भेड़े है जो नशे के सौदागरों का साथ दे रही है। ऐसे पुलिस कर्मियों की पहचान कर उन पर कार्रवाई करना जरूरी है।

वरिष्ठ पत्रकार प्रदीप दत्ता ने भी नशे के दुष्परिणामों के बारे में मौजूद लोगों को जानकारी दी। कार्यक्रम में महिला कालेज परेड की एनसीसी कैडेट्स ने कार्यक्रम में नशे के दुष्परिणामों को उजागर करते एक जागरूकता कार्यक्रम पेश किया। प्रसिद्ध डोगरी कवि ठाकुर रणधीर सिंह रायपुरा ने मादक तस्करी के प्रति जागरूक करती डोगरा कविता सुनाई। कार्यक्रम में एसपी सिटी नार्थ कुलबीर हांडा, एसडीपीओ सिटी राहुल नागर, जम्मू कश्मीर हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के महासचिव सुरजीत अंडोत्रा, प्रेस क्लब आफ जम्मू के महा सचिव दिनेश मनोत्रा भी उपस्थित रहे।

Edited By: Lokesh Chandra Mishra