संवाद सहयोगी, बसोहली : रणजीत सागर बांध के निर्माण में आई भूमि के मालिकों के परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी और मुआवजा की उम्मीद लोगों में जगी है। प्रशासन की ओर से भूमि मालिकों की मांगों को माने जाने का संकेत मिला है। दरअसल, बांधी प्रबंधन के साथ कठुआ के डीसी की बैठक हुई। इस दौरान इस मुद्दे को फिर जोरशोर से उठाया गया। इस पर सकारात्मक संकेत मिले हैं। बहरहाल, इस पर स्पष्ट रूप से प्रशासन ने कुछ नहीं कहा है।

रणजीत सागर बांध एवं शापरकंडी बैराज के प्रबंधन के साथ जिला उपायुक्त राहुल यादव की मंगलवार को बैठक हुई। इस अवसर पर एडीसी बसोहली तिलक राज थापा एवं डीडीसी महानपुर तेजेंद्र सिंह गोल्ड़ी उपस्थित रहे। बैठक के बाद डीडीसी महानपुर ने बताया कि रणजीत सागर बांध, शापरकंडी बैराज के पंजाब सरकार के चीफ इंजिनयर एवं अन्य अधिकारियों के साथ रणजीत सागर बांध में आई भूमि के मालिकों के परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने के पति मांग फिर से उठाई, जिसे अब तक समय समय पर उठाया जाता रहा, मगर इस और किसी ने कोई ध्यान नहीं दिया।

उन्होंने बताया कि डैम ओस्ती यूनियन के वह खुद भी अध्यक्ष रह चुके हैं। अभी तक एक हजार परिवार नौकरी की सुविधा से वंचित हैं। इसके अलावा कई परिवार ऐसे हैं, जिन्हें आज तक मुआवजा भी नहीं मिला। इन सारी मांगों को उन्होंने उठाया और सकारात्मक जवाब मिला। अब बनने जा रही शापरकंडी बैराज में आने वाली भूमि एवं रोजगार के प्रति भी उन्होंने आवाज उठाई। इस पर भी अच्छे संकेत मिले हैं। इसी माह एक और बैठक इन्हीं सभी अधिकारियों के साथ होगी।

बटाड़ा गांव में 25 कनाल भूमि को कृषि विभाग के सुपुर्द : एडीसी बसोहली तिलक राज थापा के निर्देश पर तहसीलदार अमन आनंद ने रैहण पंचायत के बटाड़ा गांव में 25 कनाल भूमि को कृषि विभाग के सुपुर्द किया। तहसीलदार अमन आनंद ने बटाड़ा गांव में राजस्व विभाग के कर्मचारियों को भेजा और मौके पर उपस्थित एसडीएओ राज सिंह सुंबडिया को यह भूमि दी। इस अवसर पर पुलिस बल, राजस्व विभाग के कर्मचारी एवं कृषि विभाग के कर्मचारी मौके पर उपस्थित रहे।

25 कनाल भूमि पर एक साइन बोर्ड को स्थापित किया गया, जिस पर लिखा हुआ है कि कृषि विभाग यहां पर कृषि फार्म बनाने जा रहा है। यह भूमि प्रदेश की है और इस पर कोई भी बतिक्रमण करने की कोशिश ना करे। एसडीएओ ने विशेष भेंटवार्ता में बताया कि कृषि फार्म के बनने से बसोहली उप जिला के किसानों को लाभ होगा यहां पर उन्नत किस्म के बीजों को तैयार किया जाएगा और किसानों को इस जगह पर ट्रेनिंग भी दी जा सकती है। आने वाले समय में यहां पर अच्ठा फार्म हाउस तैयार होगा।

Edited By: Lokesh Chandra Mishra