जम्मू,राज्य ब्यूरो । पुंछ के जिला मजिस्ट्रेट इंद्रजीत ने एक 65 वर्षीय महिला की कोरोना से हुई मौत के मामले में मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए हैं। कोरोना के मरीज के परिवार वालों ने डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाया था जिसके बाद जिला मजिस्ट्रेट इंद्रजीत ने मामले की जांच के आदेश देते हुए एडिशनल डिप्टी कमिश्नर बशारत हुसैन को जांच अधिकारी नियुक्त किया और उनसे 7 दिनों के अंदर रिपोर्ट देने के लिए कहा है।

जिला मजिस्ट्रेट की तरफ से जारी आदेश में कहा गया है कि सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें पुंछ जिला की हवेली तहसील के मेनार गांव की महिला की जिला अस्पताल पुंछ में कोरोना से मौत हो गई। मृतक के परिवारजनों ने डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाया। आदेश में क्या आ गया है कि पूंछ के जिला अस्पताल के मेडिकल सुपरिटेंडेंट ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि मरीज के तीमारदारों ने ड्यूटी पर डॉक्टरों के साथ हाथापाई की। आदेश में कहा गया कि यह आरोप काफी गंभीर हैं और इनकी जांच करने की जरूरत है। जिला मजिस्ट्रेट ने कहा कि एडिशनल डिप्टी कमिश्नर मामले की निष्पक्ष जांच कर 7 दिन के अंदर रिपोर्ट सौंपेंगे।

इसी बीच कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़ने के साथ ही राजकीय मेडिकल कॉलेज जम्मू में भी सुविधाओं में सुधार हो रहा है। कोविड केयर बिस्तरों से लेकर डायलिसेस सुविधा और आक्सीजन जेनरेशन प्लांट भी लगाया गया है। यह दावा सर्जरी विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डा. कैलाश सिंह ने किया। जीएमसी में 800 के करीब कोविड मरीजों के लिए बिस्तर उपलब्ध हैं। 85 बिस्तर गंभीर रूप से बीमार मरीजों के लिए हैं।

पिछले वर्ष डायलिसेस के लिए गांधीनगर में जाना पड़ता था लेकिन इस बार यह सुविधा भी जीएमसी में ही है। उन्होंने लोगों से अफवाहों पर विश्वास न करने को कहा। उन्होंने दावा किया कि अस्पताल में आक्सीजन की कोई कमी नहीं है। उन्होंने कहा कि एक समाज के तौर पर दूसरी लहर से संक्रमण फैलना सभी की जिम्मेदारी है। हमनें अनलॉक के समय में गलतियों से नहीं सीखा। नए स्ट्रेन ने समाज के हर वर्ग को संक्रमित किया है।