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तड़के-सलाद में कम हुआ प्याज! बढ़ती कीमत से परेशान जम्मू की महिलाएं, बोलीं- पहले 3-4 किलो लेते थे, अब 1 किलो भी भारी

Published: Thu, 27 Aug 2026 11:28 AM (IST)

जम्मू में प्याज की कीमतें 15 दिनों में 40 से बढ़कर 60 रुपये प्रति किलो हो गई हैं, जिससे आम ...और पढ़ें

जम्मू में प्याज की बढ़ती कीमतों ने बिगाड़ा रसोई का स्वाद। (फाइल फोटो)

जम्मू में प्याज की बढ़ती कीमतों ने बिगाड़ा रसोई का स्वाद (फाइल फोटो)

HighLights

  1. जम्मू में प्याज 15 दिन में 40 से 60 रुपये प्रति किलो हुआ।

  2. बारिश से फसल खराब होना और नई फसल में देरी मुख्य कारण।

  3. सरकार से जमाखोरी रोकने और गोदामों से प्याज जारी करने की मांग।

जागरण संवाददाता, जम्मू। महंगे हुए प्याज ने आम लोगों की घबराहट बढ़ा दी है। रसोई घर में जो प्याज बहुतायत में मौजूद रहते थे, अब सीमित हो गए हैं। इस महंगे प्याज के कारण रसोई घरों का बजट गड़बड़ा गया है। 15 दिन पहले प्याज 40 रुपये पर था, यह पहले ही लोगों को कुछ मंहगा प्रतीत हो रहा था, मगर उसके बाद तो इसके दाम चढ़ते ही गए।

अब यह प्याज 60 रुपये पर आ पहुंचा है और आम लोगों की परेशानियां बढ़ना शुरू हो गई हैं। अब दो किलो प्याज लेकर घर जाने वाला व्यक्ति एक किलो प्याज लेकर ही काम चलाने में भलाई समझ रहा है। इनका कहना है कि महंगाई तो पहले से थी। लेकिन आलू प्याज के बारे में थोड़ी राहत ही थी।

महिलाओं का कहना है कि प्याज तो हर सब्जी के तड़के में इस्तेमाल होता है। इसके बिना एक रसोई समझो अधूरी सी हर होती है, लेकिन अब यह प्याज पहुंच से बाहर होता जा रहा है। लोगों का कहना है कि अगर दाम और चढ़े तो सब्जियों के प्याज के तड़के और कम हो जाएंगे। सलाद में प्याज बाहर होता जाएगा।

क्या बोले व्यापारी

व्यापारियों का कहना है कि दूसरे राज्यों में बारिश के कारण प्याज की फसल खराब होने से ही यह स्थिति बनी है। जो नई फसलें शीघ्र निकलनी थी, अब कुछ देरी से निकलेंगी। इससे ही प्याज तेज हो गया है। रिहाड़ी स्थित सब्जी के दुकानदार मनोज दूबे ने बताया कि मंडी में एक तो प्याज खराब आ रहा है और वहीं बेहद महंगा। हम तो कमाई के लिए प्याज दुकान पर नहीं रख रहे बल्कि ग्राहकों की जरूरत को पूरा करने के लिए रख रहे हैं कि कोई ग्राहक वापिस न लौट जाए। वरना इस समय दुकान पर प्याज से लाभ नहीं, क्योंकि मंडी में ही प्याज बेहद महंगा है।

नरवाल मंडी के थोक व्यापारी राज कुमार राजा ने बताया कि बारिश के चलते दूसरे राज्यों में फसलें खराब हुई हैं। अब नई फसलें आने में समय लगेगा। ऐसे में लोगों को माह डेढ़ माह तक महंगे प्याज को सहना पड़ सकता है। सरकार का काम बनता है कि वह सरकारी गोदामाें में रखे गए प्याज को बाजार में आने दे। इससे प्याज के दाम में कुछ राहत मिल सकती है। जो व्यापारी प्याज की कालाबाजारी कर रहे हैं, पर शिकंजा कसा जाना चाहिए।

प्याज के बढ़ते दाम ने बढ़ाई चिंता

जम्मू से मीतू वर्मा का कहना है कि प्याज इतने महंगे हो गए हैं, सरकार को कुछ करना चाहिए। अगर कहीं कोई प्याज की जमाखोरी कर रहा है ताे पर अंकुश लगाया जाना चाहिए। आम लोगों को सस्ता प्याज चाहिए । इसके लिए जो संभव हो, सरकार को करना चाहिए। प्याज के बिना घर का गुजारा नहीं हो सकता।

बाहू फोर्ट से अंजू देवी का कहना है कि कुछ दिन पहले तो 40 रुपये में प्याज मिल रहा था। यकायक यह 60 रुपये पर पहुंच गया। अब हम लोग प्याज अपेक्षाकृत कम ला रहे हैं। अगर प्याज के दाम और उपर गए तो आम लोगों के लिए बहुत मुश्किल हो जाएगा। प्याज तो हर सब्जी बनाने के लिए इस्तेमाल होता है। इसके दाम पर नजर रखना सरकार की जिम्मेदारी है।

'पहले 3-4 किलो लेते थे, अब एक किलो भी भारी'

छन्नी से रजनी शर्मा का कहना है कि हम लोग पहले तीन चार किलो प्याज घर पर ले आया करते थे। लेकिन अब एक किलो से ज्यादा प्याज नहीं ला पा रहे। एक तो महंगा तो वहीं दूसरी ओर खराब प्याज बाजार में आ रहा है। कहा जा रहा है कि फसलें खराब है, लेकिन सरकार के गोदाम में भी तो प्याज है। आम जनता तक यह प्याज पहुंचाया जाना चाहिए। महंगे प्याज से हर घर के लोग परेशान है।

वाल्मिकी कालोनी से ममता गिल का कहना है कि आलू प्याज आम लोगों की सब्जी रही है। लेकिन इन दिनों आलू प्याज की सब्जी बनाना आसान नहीं लग रहा । हालांकि आलू तो अभी 30 रुपये किलो में उपलब्ध है लेकिन प्याज और उपर गया तो मुश्किल होगी। प्याज घर घर की जरूरत है। इसके बिना तो काम चलता नहीं है। मगर यह यकायक महंगा क्यों हो रहा है।