लेह, संवाद सहयोगी: केंद्र सरकार द्वारा लद्दाख में केंद्रीय विश्वविद्यालय की मंजूरी से केंद्रशासित प्रदेश में खुशी का माहौल है। सियासी तबके से लेकर छात्र संगठन तक इस पर खुशी जता रहे हैं। यहां बता दें कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट में लद्दाख में केंद्रीय विश्वविद्यालय की घोषणा की थी। अब मंत्रिमंडल ने इस प्रस्ताव को मंजूरी देते हुए 750 करोड़ रुपये का बजट भी जारी कर दिया। यहां बता दें कि सरकार लद्दाख में बुनियादी ढांचे के विकास पर तेजी से काम कर रही है। सड़क संपर्क मजबूत बनाने के साथ-साथ अन्य विकास योजनाओं को गति दी गई है। केंद्रीय टीमें लगातार लद्दाख पहुंच रही हैं।

लद्दाख के सांसद जाम्यांग सेरिंग नाम्ग्याल ने कहा कि मैं लद्दाख के लोगों को बधाई देना चाहता हूं कि सरकार ने उनका सपना पूरा कर दिया। युवाओं को बेहतर शिक्षा उपलब्ध हो सकेगी और उन्हें बाहर के राज्यों में नहीं भटकना पड़ेगा। आज तक उपेक्षा के कारण लद्दाख शिक्षा के क्षेत्र में पीछे रह गया।

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने जो वादा किया था वह पूरा कर रही है।

लद्दाख में केंद्रीय विश्वविद्यालय को हरी झंडी मिलने से छात्र संगठन भी खुश हैं। स्टूडेंट यूनियन आफ यूनिफाइड लद्दाख के सलाहकार स्टेंजिन तेस्तन के अनुसार यह काफी बेहतर अवसर है। इससे लद्दाख की नई पीढ़ी को काफी फायदा होने वाला है। छात्रों को अच्छी पढ़ाई के लिए जम्मू, चंडीगढ़, दिल्ली या फिर देश के अन्य राज्यों में जाना पड़ता था। वर्तमान आर्थिक स्थिति के कारण काफी परिवार उन्हें बाहर नहीं भेज सकते।

अब लद्दाख में केंद्रीय विश्वविद्यालय खुलने से नए अवसर पैदा होंगे और आगे बढ़ेंगे। लद्दाख की संस्कृति और पर्यावरण के लिए काम करने का अवसर भी यहां मिलेगा। इससे यहां की भाषा, संस्कृति का विकास हो सकेगा। यह खुशी की बात है कि कई मायनों में विकास यहां आएगा।