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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 11, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Jammu Kashmir : पुलवामा कांड दोहराने की साजिश रच रहा है लश्कर, गोला-बारूद समेत चार ओजीडब्ल्यू पकड़े

By naveen sharmaEdited By: Lokesh Chandra Mishra
Published: Fri, 11 Nov 2022 06:55 PM (IST)

पुलिस ने लश्कर-ए-तैयबा के चार ओवरग्राउंड वर्करों करामतुल्लाह रेशी सुहैल बशीरआदिल गनी लोन और इरशाद अहमद कुमार को पकड़ लिया। ...और पढ़ें

पूछताछ में इन चारों ने बताया कि वह लश्कर-ए-तैयबा के लिए काफी समय से काम कर रहे थे।
पूछताछ में इन चारों ने बताया कि वह लश्कर-ए-तैयबा के लिए काफी समय से काम कर रहे थे।

श्रीनगर, राज्य ब्यूरो : लश्कर-ए-तैयबा दक्षिण कश्मीर के त्राल में पुलवामा कांड दोहराने की साजिश रच रहा है। इसका खुलासा पुलिस द्वारा पकड़े गए लश्कर के चार ओवरग्राउंड वर्करों ने किया है। इनके पास से हथियारों का एक जखीरा और आइईडी बनाने का साजो सामान भी बरामद किया गया है। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि अवंतीपोर में पुलिस को अपने तंत्र से पता चला था कि त्राल में आतंकियों द्वारा आइईडी तैयार करने के लिए विभिन्न स्रोतों से गोला बारूद व अन्य साजो-सामान जुटाया जा रहा है।

पुलिस ने इस सूचना के आधार पर अपने मुखबिरों का जाल बिछाते हुए संदिग्ध तत्वों की निगरानी शुरू कर दी। जल्द ही पुलिस ने लश्कर-ए-तैयबा के चार ओवरग्राउंड वर्करों करामतुल्लाह रेशी, सुहैल बशीर,आदिल गनी लोन और इरशाद अहमद कुमार को पकड़ लिया। उनके पास से पुलिस ने हथियार व गोला बारूद और आइईडी बनाए जाने का अन्य साजो सामान भी जब्त किया। पूछताछ में इन चारों ने बताया कि वह लश्कर-ए-तैयबा के लिए काफी समय से काम कर रहे थे।उनका मुख्य काम लश्कर ए तैयबा के आतंकियों के हथियार व साजो सामान उपलब्ध कराने के अलावा उन्हें व उनके हथियारों को एक जगह से दूसरी जगह सुरक्षित पहुंचाना था।

उन्होंने बताया कि वह सरहद पार बैठे लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर बाबर उर्फ समामा के साथ लगातार संपर्क में थे। उसने उन्हें पुलिस व सुरक्षाबलों को ज्यादा से ज्यादा नुक्सान पहुंचाने के लिए एक आइईडी हमले की साजिश को अमली जामा पहनाने का जिम्मा सौंपा हुआ था। इसके लिए वह आइईडी तैयार कर रहे थे। उन्होंने बताया कि उन्हें आइईडी तैयार करने के लिए इंटरनेट मीडिया के जरिए आतंकी कमांडर लगातार निर्देश दे रहा था।

उन्होंने बताया कि उन्हें आइईडी तैयार करने के अलावा उस जगह को चिह्नित करना था जहां आइईडी धमाके के जरिए सुरक्षाबलों को ज्यादा से ज्यादा नुक्सान पहुंचाया जा सकता था।पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि त्राल में लश्कर के चार ओवरग्राउंड वर्करों की गिरफ्तारी से एक बड़ा आइईडी हमले की लश्कर-ए-तैयबा की साजिश नाकाम हो गई है। इन चारों के अन्य साथियों को भी चिह्नित कर उन्हें पकड़ने के लिए उनके ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है।