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जम्मू में 7 अक्टूबर को INDIA गठबंधन का 'लोकतंत्र बचाओ मार्च', CEC को हटाने की मांग; 4-8 अक्टूबर तक प्रदर्शन

Published: Sat, 03 Oct 2026 06:27 PM (IST)

INDIA गठबंधन 7 अक्टूबर को जम्मू में 'लोकतंत्र बचाओ मार्च' निकालेगा, जिसमें कांग्रेस, नेकां, पीडीपी और एनपीपीआइ शामिल होंगे। यह ...और पढ़ें

बैठक के बाद संयुक्त पत्रकार वार्ता में गठबंधन के वरिष्ठ नेता।

बैठक के बाद संयुक्त पत्रकार वार्ता में गठबंधन के वरिष्ठ नेता।

HighLights

  1. आइएनडीआइए गठबंधन 7 अक्टूबर को जम्मू में मार्च करेगा।

  2. चुनावी अनियमितताओं, वोट चोरी और मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने की मांग।

  3. जम्मू-कश्मीर के पूर्ण राज्य के दर्जे की बहाली की मांग।

राज्य ब्यूरो, जम्मू। कांग्रेस, नेशनल कांफ्रेंस, पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी और नेशनल पैंथर्स पार्टी इंडिया समेत आइएनडीआइए गठबंधन के घटक दल 7 अक्टूबर को जम्मू में संयुक्त रूप से लोकतंत्र बचाओ मार्च निकालेंगे। इसके अलावा 4 से 8 अक्टूबर के बीच विभिन्न जिलों में भी इसी तरह के विरोध प्रदर्शन आयोजित किए जाएंगे। यह फैसला प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय शहीदी चौक में हुई बैठक में लिया गया।

बैठक के बाद संयुक्त पत्रकार वार्ता में गठबंधन के वरिष्ठ नेताओं मुलाराम, रविंद्र शर्मा ने बताया कि जम्मू में 7 अक्टूबर को होने वाला मार्च 2 अक्टूबर, गांधी जयंती से शुरू किए गए आइएनडीआइए ब्लॉक के राष्ट्रव्यापी लोकतंत्र बचाओ अभियान के पहले चरण का हिस्सा है।

नेताओं ने कहा कि इन कार्यक्रमों के माध्यम से वे चुनावी प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं और वोट चोरी के मुद्दे को उठाएंगे तथा मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग करेंगे।

मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने की मांग

इससे पहले प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में आइएनडीआइए गठबंधन के वरिष्ठ नेताओं की बैठक हुई। इसमें प्रदेश कांग्रेस के कार्यवाक अध्यक्ष रमण भल्ला, पूर्व मंत्री मुलाराम, मुख्य प्रवक्ता रविंद्र शर्मा, नेकां के प्रांतीय अध्यक्ष रतन लाल गुप्ता, पूर्व एमएलसी शेख बशीर अहमद और राम पॉल शर्मा, पीडीपी के राजिंदर सिंह मन्हास और सतपाल चाढ़क तथा एनपीपीआइ के गगन प्रताप सिंह शामिल हुए।

करीब दो घंटे चली बैठक में 30 सितंबर को दिल्ली में हुई आइएनडीआइए गठबंधन की बैठक के निर्णयों के अनुरूप विभिन्न जिलों में प्रस्तावित विरोध प्रदर्शनों के कार्यक्रम पर चर्चा की गई। मुलाराम ने आरोप लगाया कि केंद्र में सत्तारूढ़ भाजपा सरकार के कार्यकाल में चुनावी व्यवस्था में कथित हेरफेर और वोट चोरी की घटनाएं हुई हैं।

उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने के साथ-साथ चुनावी व्यवस्था में सुधार, निर्वाचन आयोग की स्वतंत्रता और चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता सुनिश्चित करने की मांग की।

मतदाता सूची से नाम हटाने पर विपक्ष ने उठाए सवाल


रविंद्र शर्मा ने दावा किया कि विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया के तहत 13.30 करोड़ से अधिक मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं और इससे पात्र मतदाताओं के मतदान के अधिकार प्रभावित हुए हैं। उन्होंने कहा कि चुनावी व्यवस्था और लोकतांत्रिक संस्थाओं की निष्पक्षता को लेकर विपक्षी दलों ने संयुक्त रूप से वोट बचाओ-देश बचाओ अभियान चलाने का निर्णय लिया है।

उन्होंने बताया कि विपक्षी सांसद 6 अक्टूबर को दिल्ली में निर्वाचन आयोग के कार्यालय तक मार्च करेंगे और राष्ट्रपति से मुलाकात के लिए समय मांगेंगे। इसके अलावा देश के विभिन्न हिस्सों में पांच बड़ी रैलियां भी आयोजित की जाएंगी।

गठबंधन नेताओं ने जम्मू-कश्मीर का पूर्ण राज्य का दर्जा जल्द बहाल करने की मांग भी दोहराई। उन्होंने कहा कि राज्य का दर्जा बहाल करने में हो रही देरी को लेकर जम्मू-कश्मीर के लोगों में असंतोष है।