जम्मू, जेएनएन : रामबन जिले के मेहाड़ में सोमवार दोपहर को एक कार बेकाबू होकर चिनाब दरिया में जा गिरी। इस हादसे में कार में सवार आरपीएफ का सब इंस्पेक्टर परिवार सहित दरिया में लापता हो गया। कार में एसआइ की पत्नी और दो बेटे सवार थे। चारो के दरिया के तेज बहाव में बह जाने की आशंका जताई जा रही है। देर शाम तक पुलिस और एसडीआरएफ की टीम नदी में तलाशी अभियान चलाते रहे, लेकिन किसी का कुछ पता नहीं चल सका। हादसे का शिकार परिवार जम्मू के पलौड़ा का रहने वाला है।

जानकारी के मुताबिक जम्मू के पलौड़ा इलाके के रहने वाले मोहिंदर नाथ के बेटे राकेश कुमार, अपनी पत्नी आशा रानी और दो बेटों के साथ स्वीफ्ट कार में सवार होकर श्रीनगर से जम्मू की ओर आ रहे थे। जब वह रामबन के मेहाड़ इलाके में पहुंचे तो अचानक कार बेकाबू होकर सड़क से काफी नीचे बह रहे चिनाब दरिया में जा गिरी।

हादसे के बाद आसपास अफरातरफरी मच गई। तुरंत पुलिस, एसडीआरएफ और क्वीक रिएक्शन टीम को सूचित किया गया। नदी में तलाशी अभियान छेड़ दिया गया। तलाशी अभियान में कार तो मिली, लेकिन उसमें सवार परिवार के किसी सदस्य का कुछ पता देर शाम तक नहीं चला। नदी में काफी तेज बहाव होने के कारण चारो बह गए। दुर्घटनाग्रस्त कार से पता चला कि उसमें कौन-कौन सवार थे।

हादसे की खबर मिलते ही राकेश के घर पर पसरा मातम 

कार में सवार रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स (आरपीएफ) में तैनात सब इंस्पेक्टर राकेश कुमार, उनकी पत्नी और दोनों बेटों के चिनाब दरिया में गिरने की खबर जैसे ही उनके घर में आई तो वहां मातम पसर गया। हालांकि राकेश कुमार के पिता मोहिंद्र नाथ (नगर निगम से सेवानिवृत्त) ने अपनी पत्नी शारदा देवी को हादसे की जानकारी नहीं दी। उन्हें केवल यह ही बताया गया कि रामबन में राकेश की कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई है और वे चारों घायल हो गए हैं। मोहिंद्र नाथ रामबन रवाना होने के दौरान अपनी पत्नी को यह कह कर गए कि वह अपने बेटे, बहू और बच्चों को जम्मू लाने के लिए जा रहे हैं।

रामबन कार हादसे में लापता हुए राकेश कुमार ने जम्मू के पलौड़ा (जानीपुर) इलाके में घर बनाया हुआ है। राकेश के परिवार में अभी माता-पिता औैर छोटी बहन अनुराधा देवी हैं। कार हादसे की खबर मिलते ही कुछ करीबी रिश्तेदार राकेश के घर पर पहुंच गए। उन्होंने बताया कि राकेश जम्मू आरपीएफ थाने में तैनात हैं। वह अपनी पत्नी आशा देवी, दसवीं कक्षा में पढ़ रहे बेटे संचित भगत और सातवीं कक्षा में पढ़े रहे दूसरे बेटे मेहुल भगत के साथ कश्मीर गया हुआ थे। राकेश के परिवार को विश्वास है कि जरूरत चमत्कार होगा और राकेश उसकी पत्नी और बच्चे सुरक्षित घर लौट आएंगे।