अमरनाथ यात्रा: जम्मू से 259 गाड़ियों से रवाना हुए 4822 श्रद्धालु, पहलगाम-बालटाल से करेंगे पवित्र गुफा के लिए प्रस्थान
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने जम्मू के भगवती नगर से श्री अमरनाथ जी यात्रा के पहले जत्थे को हरी झंडी दिखाकर ...और पढ़ें
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आस्था के महापर्व श्री अमरनाथ जी यात्रा का शुभारंभ।
HighLights
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने पहले जत्थे को हरी झंडी दिखाई
4,822 श्रद्धालु 259 वाहनों में जम्मू से रवाना हुए
यात्रा 3 जुलाई से 28 अगस्त तक चलेगी, कड़ी सुरक्षा व्यवस्था
राज्य ब्यूरो, जम्मू। सूर्यपुत्री तवी किनारे स्थित भगवती नगर में गुरूवार की तड़के बम -बम बोले, हर-हर महादेव, जय-बाबा बर्फानी के जयघोष के साथ पूरा वातावरण शिवमय हो गया। देश विदेश से आए श्रद्धालुओं के बीच अपने अपने वाहनों में पहले सवार होने की होड़ मची थी ताकि शीघ्रताशीघ्र वह यहां से निकलें और श्री अमरेश्वर धाम के प्रमुख आधार शिविर बालटाल/पहलगाम पहुंचे ताकि शुक्रवार की सुबह वहां से आगे जाने में कोई समस्या न हो और पवित्र गुफा में हिमलिंग स्वरूप में विराजमान भगवान शिव के दर्शन करें।
इन अधीर हुए श्रद्धालुओं के पहले जत्थे को उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने झंडी दिखाकर रवाना किया और इसके साथ ही करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था के महापर्व श्री अमरनाथ जी यात्रा का गुरुवार को विधिवत शुभारंभ हो गया।
उल्लेखनीय है कि दक्षिण कश्मीर में समुद्रतल से लगभग 3888 मीटर की ऊंचाई पर वह पवित्र गुफा स्थित है, जहां भगवान शिव ने मां पार्वती को अमरत्व की कथा सुनाई थी।इसलिए इसे श्री अमरेश्वर धाम पुकारा जाता है। आमजन इसे श्री अमरनाथ जी की पवित्र गुफा के नाम से भी संबोधित करता है।

हर वर्ष पवित्र गुफा की वार्षिक तीर्थयात्रा जो रक्षाबंधन के दिन संपन्न् होती है , में शामिल हो पवित्र गुफा में हिमलिंग स्वरूप में विराजमान भगवान शिव के दर्शनार्थ आते हैं। इस वर्ष यह तीर्थयात्रा तीन जुलाई से 28 अगस्त तक चलेगी।
आज जम्मू से पूरे धार्मिक उल्लास, भक्ति और उत्साह के माहौल में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच रवाना हुए इस पहले जत्थे के साथ ही देश की सबसे प्रतिष्ठित तीर्थयात्राओं में शामिल अमरनाथ यात्रा का शुभारंभ हो गया। श्रद्धालुओं को रवाना करने से पूर्व उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने ध्वजारोहण करते हुए धर्म पताका भी फहराई।
पहले जत्थे में कुल 4,822 श्रद्धालु 259 वाहनों के काफिले के साथ रवाना हुए। इनमें 2,510 श्रद्धालु पारंपरिक पहलगाम मार्ग जबकि 2,312 श्रद्धालु बालटाल मार्ग से पवित्र गुफा तक पहुंचेंगे। यात्रियों में 3,707 पुरुष, 816 महिलाएं, 16 बच्चे, 246 साधु और 37 साध्वियां शामिल हैं। श्रद्धालुओं के काफिले में 106 बसें, 39 मीडियम मोटर वाहन (एमएमवी), 111 हल्के मोटर वाहन (एलएमवी) तथा तीन दोपहिया वाहन शामिल रहे। अधिकारियों के अनुसार, बालटाल मार्ग का काफिला सुबह 6:10 बजे और पहलगाम मार्ग का काफिला सुबह 6:35 बजे कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच भगवती नगर से रवाना हुआ।

इस अवसर पर उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने सभी श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि श्री अमरनाथ जी यात्रा एक ऐसा पवित्र मार्ग है, जहां आस्था का संगम आध्यात्मिक जागरण से होता है। मैं सभी श्रद्धालुओं की सुरक्षित, सुखद, मंगलमय एवं आध्यात्मिक रूप से सफल यात्रा की कामना करता हूं। यह पावन तीर्थयात्रा सभी के जीवन में अपार आनंद और दिव्य शांति लेकर आए।'
उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर प्रशासन, श्री अमरनाथ जी श्राइन बोर्ड, जम्मू-कश्मीर पुलिस, भारतीय सेना, केंद्रीय सुरक्षा बलों, स्थानीय समुदाय और सभी संबंधित विभागों ने यात्रा को सुरक्षित, सुगम और निर्बाध बनाने के लिए व्यापक प्रबंध किए हैं। सुरक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं, स्वच्छता, आवास, पेयजल, यातायात और अन्य आवश्यक सुविधाओं की समुचित व्यवस्था की गई है, ताकि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

गुरुवार को कश्मीर घाटी पहुंचने के बाद श्रद्धालु बालटाल और नुनवन आधार शिविरों में ठहरेंगे, जहां से निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार वे बाबा बर्फानी की पवित्र गुफा की ओर अपनी यात्रा शुरू करेंगे। यात्रा मार्ग पर बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है और पूरे रूट पर पुलिस, सेना तथा केंद्रीय सुरक्षा बलों की विशेष निगरानी रहेगी।

भगवती नगर में आयोजित ध्वजारोहण एवं रवाना करने के समारोह में आध्यात्मिक गुरु, विभिन्न धार्मिक संगठनों के प्रमुख, जनप्रतिनिधि, नागरिक प्रशासन, पुलिस, सुरक्षा बलों तथा श्री अमरनाथ जी श्राइन बोर्ड के वरिष्ठ अधिकारी, गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। श्रद्धालुओं के 'हर-हर महादेव' और 'बम-बम भोले' के जयघोष से पूरा परिसर शिवमय हो उठा।
