जागरण संवाददाता, जम्मू : फ्लाइंग सिख के नाम से विश्व भर में अपनी पहचान बनाने वाले मिल्खा ¨सह ने कहा कि जम्मू में एथलेटिक एकेडमी खोलने जाने की जरूरत है। जम्मू-कश्मीर के खिलाड़ी प्रतिभा के धनी हैं।

रविवार को आयोजित होने वाली वाकॉथन के सिलसिले में राज्य में आए मिल्खा ¨सह ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि जम्मू-कश्मीर के खिलाड़ी हरेक खेलों में प्रतिभा के धनी हैं। उनका सही मार्गदर्शन करने और उनके आधुनिक खेल सुविधाएं उपलब्ध करवाने की जरूरत है। अगर उन्हें ये सब चीजें उपलब्ध करवा दी जाएं तो फिर उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकता।

मिल्खा ने युवाओं को बताया कि अंतरराष्ट्रीय एथलीट बनने के लिए कम से कम छह घंटे का अभ्यास बहुत जरूरी है। वह भी अपने समय में हर रोज छह से सात घंटे तक कड़ा अभ्यास करते थे। इसी का नतीजा है कि आज उन्हें फ्लाइंग सिख के नाम से जाना जाता है। उन्होंने कहा कि एथलीट बनने के लिए युवा खिलाड़ी कुछ समय के लिए कड़ा अभ्यास करते हैं लेकिन वक्त गुजरने के साथ अभ्यास में अपनी गंभीरता कम कर देते हैं। इसकी वजह से भविष्य में सकारात्मक परिणाम नहीं निकल पाते हैं। एक अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी बनने के लिए खेल के प्रति समर्पण भाव बहुत जरूरी है। जिस खिलाड़ी के पास सम्पर्ण भाव है, उसे आगे बढ़ने से कोई भी नहीं रोक सकता है।

उन्होंने आज की युवा पीढ़ी को नशे से दूरी और खेल मैदानों से नजदीकी बनाए रखने की भी नसीहत दी ताकि भविष्य में स्वस्थ भारत की स्वस्थ नींव रखी जा सके। आज तक जिन खिलाड़ियों ने भी नशे से नजदीकी बनाई उनका खेल में करियर खत्म हो गया। कार्यक्रम के दौरान काफी तादाद में मिल्खा ¨सह के फैन भी मौजूद थे जिन्होंने उनके साथ सेल्फी ¨खचवाकर इस यादगार क्षण को कैद कर दिया।

गौरतलब है कि रविवार को गुलशन ग्राउंड से सुबह 7.30 बजे वाकाथॅन को मिल्खा ¨सह हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। वाकाथॅन गुलशन ग्राउंड से शुरू होकर बिक्रम चौक, डोगरा चौक, गुम्मट चौक, विवेकानंद चौक, रघुनाथ मंदिर चौक, सिटी चौक, शहीदी चौक, रेजिडेंसी रोड, गुज्जर नगर पुल से होते हुए गुलशन ग्राउंड पहुंचकर संपन्न होगी।

Posted By: Jagran