जागरण संवाददाता, जम्मू :

प्रसिद्ध डोगरी और ¨हदी लेखक, प्रसारणकर्ता, अनुवादक और साहित्य अकादमी पुरस्कार विजेता छत्रपाल (जेपी सराफ) को विकलांग व्यक्तियों के सशक्तीकरण के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए चुना गया है। श्रेणी के तहत उत्कृष्ट दिव्यांग रचनात्मक वयस्क व्यक्ति को सम्मानित किया जाता है।

यह सम्मान सामाजिक न्याय और सशक्तिकरण मंत्रालय द्वारा दिया जाता है। इस पुरस्कार में एक स्मृति चिन्ह, प्रशस्ति पत्र, नकद पुरस्कार दिया जाता है। यह पुरस्कार विज्ञान भवन, नई दिल्ली में 3 दिसंबर को दिया जाएगा।

डोगरी कहानी, व्यंग्य में छत्रपाल की विशेष पहचान है। उनकी दस पुस्तकें प्रकाशित हैं, जिनमें टैगोर और कमलेश्वर के क्लासिक उपन्यासों का अनुवाद भी शामिल है। उन्हें 2016 में साहित्य अकादमी पुरस्कार और एसए द्वारा 2015 में अनुवाद पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। उन्हें उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा सौहार्द पुरस्कार दिया जा चुका है।

¨हदी संस्थान, मोहन राकेश सम्मान साहित्य कला परिषद नई दिल्ली, जम्मू-कश्मीर कला संस्कृति एवं भाषा अकादमी द्वारा सर्वश्रेष्ठ नाटककार पुरस्कार मिल चुका है। मानव संसाधन मंत्रालय द्वारा गैर ¨हदी राज्य का सर्वश्रेष्ठ ¨हदी लेखक सम्मान मिल चुका है। उन्होंने विभिन्न चैनलों और आकाशवाणी के लिए दो हजार के करीब स्क्रिप्ट लिखे हैं।

छत्रपाल 1980 से शारीरिक रूप से चुनौतीपूर्ण और दृष्टिहीन विकलांगता के पुनर्वास के लिए समर्पित एक स्वैच्छिक संगठन विकलंग छात्र ट्रस्ट के संस्थापक अध्यक्ष हैं। वह 2001 से जेआरसी होम उदयवाला जम्मू के सचिव के रूप में कार्य कर रहे हैं, जो मुफ्त शिक्षा प्रदान कर रहा है। शारीरिक रूप से चुनौतीपूर्ण और सुनने वाले बच्चों को सुनने के लिए बोर्डिग सुविधाएं प्रदान कर रहा है।

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