जम्मू-कश्मीर से आज फिर डिपोर्ट होंगे 150 बांग्लादेशी, श्रीनगर में बना होल्डिंग सेंटर; वेरिफिकेशन की प्रक्रिया जारी
जम्मू-कश्मीर से आज 150 और बांग्लादेशियों को उनके देश वापस भेजा जाएगा, जिसके लिए श्रीनगर के पंथाचौक में एक होल्डिंग सेंटर बनाया गया है।

फोटो एआई द्वारा जनरेट की गई है।
HighLights
आज जम्मू-कश्मीर से 150 और बांग्लादेशी डिपोर्ट किए जाएंगे
श्रीनगर के पंथाचौक में अवैध प्रवासियों के लिए होल्डिंग सेंटर
अवैध बांग्लादेशियों की पहचान और सत्यापन प्रक्रिया जारी है
नवीन नवाज, जम्मू। प्रदेश में अवैध तौर बसे बांग्लादेशी और रोहिंग्याओं को उनके देश वापस भेजने की प्रक्रिया आगे भी जारी रहने की संभावना है। सोमवार पांच अक्टूबर को 150 बांग्लादेशियों को बंगाल के बागडोगरा स्थित हवाई अड्डे पर पहुंचाया गया था।
सब सही रहा तो 150 अन्य को बुधवार को एक अन्य विमान से भेजा जाना है। अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल श्रीनगर के पंथाचौक् में होल्डिंग सेंटर बनाया गया है। इस होल्डिंग सेंटर का इस्तेमाल अवैध प्रवासियों की आवाजाही प्रतिबंधित करने और उन्हें अस्थायी आवास उपलब्ध कराने के लिए किया जाएगा।
केंद्रीय गृहमंत्रालय के दिशा निर्देश में जम्मू-कश्मीर पुलिस ने घाटी में अवैध रूप से बसे बांग्लादेशियों की धरपकड़ कर रखी है। उनकी राष्ट्रीयता के सत्यापन और अन्य आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद यात्रा दस्तावेज जारी होते ही उन्हें निर्वासित किया जा सकेगा।
श्रमिकों के पंजीकरण के दौरान पकड़े गए बांग्लादेशी
कश्मीर में श्रमिकों पर बढ़ रहे हमलों के बीच पुलिस ने उनके पंजीकरण के लिए अभियान चलाया था ताकि उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
इस दौरान कुछ श्रमिकों के दस्तावेज में काफी गड़बड़ियां मिलीं और जांच होने पर उनके बांग्लादेशी होने की पुष्टि हुई। 300 ऐसे लोगों को होल्डिंग सेंटर में रखा गया था। कुछ और लोगों की जानकारी जुटाई जा रही है।
मेडिकल वीजा पर कोलकाता आया बांगलदेशी पहुंचा कश्मीर
मेडिकल वीजा पर कोलकाता आया एक बांग्लादेशी नासिक घूमने के लिए कश्मीर पहुंच गया। यहां उसका मोबाइल गुम होने पर वह पुलिस स्टेशन शिकायत करने पहुंचा तो अधिकारियों ने उससे भी पूछताछ की।
उसने बताया कि वह यहां घूमने आया है। संबंधित पुलिस अधिकारियों ने इस संदर्भ में जब एफआरआरओ अमृतसर से संपर्क किया तो बताया गया कि मेडिकल वीजा धारक को उपचार के बाद देश के पर्यटन स्थलों की यात्रा करने पर कोई सामान्य प्रतिबंध नहीं है।
हालांकि अधिकारियों ने उससे विस्तृत पूछताछ करने और उसे तत्काल कोलकाता वापस भेजने की सलाह दी है। पुलिस उसके दस्तावेजों, यात्रा विवरण, वीजा की शर्तों और भारत में ठहरने की अवधि का सत्यापन कर रही है।
