भुवनेश्वर, जेएनएन: हॉकी विश्व कप में शुक्रवार को खेला गया दूसरा मैच भी रोमांच से भरपूर रहा। 58वें मिनट तक इंग्लैंड 2-1 से आगे थी और उसकी जीत सुनिश्चित मानी जा रही थी, लेकिन एस्ट्रोटर्फ पर खेली जाने वाली हॉकी की यही खास बात होती है कि उसमें अंतिम सेकेंड तक बाजी पलट सकती है। पहली बार पुरुष हॉकी विश्व कप में हिस्सा ले रही चीन की टीम के लिए टालाके डु ने पूल-बी के इस मैच में 59वें मिनट में रोमांचक गोल कर अपनी टीम को 2-2 की बराबरी दिलाकर अपनी टीम की हार टाली और इंग्लैंड की विजयी आगाज करने की उम्मीदों को ध्वस्त कर दिया।

चीन की टीम ने अच्छी शुरुआत की। यह भी संयोग रहा कि इस मैच का पहला गोल चीन की ओर से दागा गया। चीन के लिए पांचवें मिनट में ही जियाओपिंग गुओ ने गोल दागकर अपनी टीम को 1-0 से आगे कर दिया। इंग्लैंड ने पहले क्वार्टर में ही बराबरी हासिल कर ली, जब 13वें मिनट में मिले पेनाल्टी कॉर्नर को मार्क ग्लेनहोर्न ने गोल में बदलकर स्कोर 1-1 कर दिया। दूसरे क्वार्टर में चीन को तीन और इंग्लैंड को दो पेनाल्टी कॉर्नर मिले। 18वें मिनट में चीन को लगातार तीन पेनाल्टी कॉर्नर मिले। तीसरे प्रयास में गेंद नेट के अंदर चली गई थी, लेकिन रेफरल में इस गोल को नकार दिया गया। इंग्लैंड भी इस क्वार्टर में मिले पेनाल्टी कॉर्नर पर गोल नहीं कर सका।

इंग्लैंड की टीम चौथे क्वार्टर की शुरुआत में अपना दूसरा गोल करने में सफल रही। उसके लिए यह गोल लियाम एनसेल ने 48वें मिनट में किया। उन्होंने चीन के डिफेंडर से गेंद ली और उसे नेट में डालकर अपनी टीम को 2-1 से आगे कर दिया। यहां से लगने लगा था कि इंग्लैंड की टीम मैच अपने करने में सफल रहेगी, लेकिन अपना पहला विश्व कप खेल रही चीन की टीम ने हिम्मत नहीं हारी। उसे 59वें मिनट में पेनाल्टी कॉर्नर मिला। टालाके ने इस पेनाल्टी कॉर्नर पर इंग्लैंड के गोलकीपर जॉर्ज पिन्नर को छकाते हुए गेंद को नेट में डाल दिया और मैच बराबरी पर खत्म हुआ।

Posted By: Pradeep Sehgal

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस