हिमाचल के नालागढ़ में मिले दो ग्रेनेड, पुलिस ने दंपती को गिरफ्तार किया; आखिर किस मंशा से व कहां से लाए बम?
हिमाचल प्रदेश के नालागढ़ में दो ग्रेनेड मिलने से हड़कंप मच गया है, पुलिस ने मुख्य आरोपी रशीद मोहम्मद और उसकी पत्नी किरना को गिरफ्तार कर लिया है।

सोलन के नालागढ़ में बरामद ग्रेनेड को डिफ्यूज करने पहुंची टीम। जागरण
HighLights
नालागढ़ में दो ग्रेनेड मिलने से क्षेत्र में हड़कंप।
मुख्य आरोपी रशीद मोहम्मद और पत्नी किरना गिरफ्तार।
डीएसपी की अध्यक्षता में एसआईटी गठित, जांच जारी।
जागरण संवाददाता, नालागढ़ (सोलन)। हिमाचल प्रदेश में जिला सोलन के नालागढ़ क्षेत्र में दो ग्रेनेड मिले हैं। बीते कल मंगलवार को माजरा-दियोली क्षेत्र में ग्रेनेड मिला था। पुलिस ने मुख्य आरोपित रशीद मोहम्मद उर्फ बाऊ को गिरफ्तार करने के बाद उसकी पत्नी किरना को भी गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस को जांच के दौरान उसके मकान से सटे खेत से एक और ग्रेनेड बरामद हुआ है। इससे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है।
दोनों बरामद ग्रेनेड को बम निरोधक दस्ते की मदद से निर्धारित सुरक्षा प्रक्रिया के तहत दूर एकांत स्थान पर ले जाकर सुरक्षित रूप से नष्ट कर दिया गया।
पुलिस के मुताबिक, मामले में अब तक दो गिरफ्तारियां हुई हैं। मुख्य आरोपित रशीद मोहम्मद उर्फ बाऊ पुत्र प्यारा निवासी माजरा डाकघर बरूणा को मंगलवार को गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद बुधवार को उसकी पत्नी किरना को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। दोनों से मामले को लेकर गहन पूछताछ की जा रही है।
घर और आसपास चला सर्च ऑपरेशन
दूसरे ग्रेनेड की बरामदगी के बाद पुलिस ने बम निरोधक दस्ते की सहायता से आरोपित के मकान और आसपास के क्षेत्र में व्यापक तलाशी अभियान चलाया। पुलिस के अनुसार तलाशी के दौरान कोई अन्य संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। बरामद दोनों ग्रेनेड को सुरक्षा मानकों के अनुसार नष्ट कर दिया गया है।
एसआईटी गठित
मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच के लिए डीएसपी नालागढ़ की अध्यक्षता में विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित किया गया है। एसआईटी यह पता लगाने में जुटी है कि दोनों ग्रेनेड कहां से आए, इन्हें वहां किसने रखा और इनका आपसी विवाद से क्या संबंध है।
एक दिन पहले मचा था हड़कंप
29 सितंबर को दो पक्षों के बीच विवाद की जांच के दौरान पुलिस को एक घर के पास ग्रेनेडनुमा वस्तु मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस ने क्षेत्र को घेर लिया था और आसपास के घरों को सुरक्षा की दृष्टि से खाली करवाया गया था। घटनास्थल के 50 से 70 मीटर के दायरे में स्थित घरों को खाली कराया गया था।
पुलिस ने उस समय बम निरोधक दस्ते की मदद से घर और आसपास के क्षेत्र की तलाशी ली थी। प्रारंभिक रिपोर्टों में वस्तु को ग्रेनेडनुमा बताया गया था, लेकिन जांच के दौरान वह असली ग्रेनेड पाया गया है।
पुलिस ने मामला दर्ज कर तेज की जांच
मामले में नालागढ़ पुलिस थाने में 29 सितंबर को आर्म्स एक्ट की धारा 25(1)(ए) और एक्सपलोसिव सब्स्टांस एक्ट 1908 की धारा 4 के तहत मामला दर्ज किया गया है। अब पुलिस बरामद ग्रेनेड के स्रोत और पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
साल का दूसरी बार विस्फोटक से जुड़ा मामला
नालागढ़ थाना क्षेत्र में इस साल विस्फोटक से जुड़ा यह दूसरा बड़ा मामला सामने आया है। इससे पहले साल के पहले दिन एक जनवरी को नालागढ़ पुलिस थाना परिसर में आईईडी विस्फोट हुआ था। उस मामले की जांच बाद में एनआईए ने अपने हाथ में ली।
