शिमला, जेएनएन। हिमाचल में एकबार फिर मौसम ने करवट बदल ली है। पश्चिमी हवाएं सक्रिय होने से वीरवार को प्रदेश की ऊंची चोटियों पर बर्फबारी हुई, इससे शीतलहर बढ़ गई है। प्रदेश के अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्र रोहतांग, मनाली और चंबा जिले के पांगी में हल्की बर्फबारी रिकॉर्ड की गई। रोहतांग दर्रे में एक फीट बर्फबारी से लाहुलवासियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। दोपहर बाद हुई बर्फबारी से धर्मशाला के धौलाधार की चोटियां भी चांदी की तरह चमक उठीं।

उधर, चंबा जिले के पांगी मुख्यालय किलाड़ में कुछ देर तक फाहे गिरे, वहीं ऊंचाई वाले क्षेत्रों में पांच से छह इंच तक बर्फबारी हुई। मौसम विभाग के अनुसार शुक्रवार को मौसम फिर से साफ हो जाएगा जिससे लोगों को ठंड से राहत मिलेगी। लेकिन यह राहत लंबे समय तक नहीं रहेगी। नौ दिसंबर से मौसम फिर करवट बदलेगा। नौ व 10 दिसंबर को अधिक ऊंचाई वाले एक दो स्थानों पर बर्फबारी का क्रम शुरू हो जाएगा। जबकि 11 व 12 दिसंबर को पश्चिमी हवाएं अधिक प्रभावशाली हो जाएंगी, जिससे अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में भारी बर्फबारी व मध्यम ऊंचाई, निचले इलाकों में बारिश की होने की संभावना जताई है।

नौ दिसंबर को सक्रिय होने वाली पश्चिमी हवाएं 14 दिसंबर तक सक्रिय रहेंगी। इस दौरान कुछ क्षेत्रों में भारी से अति भारी बर्फबारी होने की संभावना है। वीरवार को बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के अधिकतम व न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की कमी दर्ज की गई है। प्रदेश का अधिकतम तापमान ऊना में 24.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया जबकि न्यूनतम तापमान केलंग में माईनस 4.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।

कहां-कहां कितना रहा तापमान

शिमला      3.8        14.5

सुंदरनगर  2.1         21.2

भुंतर       3.4           19.5

कल्पा      -0.6          12.2

धर्मशाला  7.0         16.2

ऊना        5.0         24.6

मंडी         4.2         18.8

नाहन      7.0          19.3

केलंग      -4.9          6.0

सोलन     3.4        19.0

मनाली   0.8        12.6

चंबा        4.1          16.5

 लाहुल का संपर्क कटा

रोहतांग दर्रे पर एक फीट बर्फबारी होने से लाहुल घाटी का कुल्लू से संपर्क कट गया है। रोहतांग दर्रे में वाहनों की आवाजाही बंद हो गई है। दर्रे सहित समस्त ब्यासनाला, मढ़ी, राहलाफाल, अंजनी महादेव, फातरू, हामटा, इंद्र किला, हनुमान टिब्बा, धुंधी और गुलाबा सहित बर्फ की सफेद चादर बिछ गई है। लाहुल की समस्त घाटी सहित कुंजुम जोत, बड़ा व छोटा शिघरी ग्लेशियर, लेडी ऑफ केलंग, बारालाचा जोत, शिंकुला जोत सहित समस्त पहाडि़यों ने बर्फ की चादर ओढ़ ली है। रोहतांग दर्रे सहित लाहुल घाटी में बर्फबारी होने से दर्रे के दोनों ओर कई वाहन फंस गए हैं।