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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 25, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Shimla News: हिमाचल में चल रहे 3512 अवैध होम स्टे, छह जिलों में होटल इंस्पेक्टर नहीं; कैसी होगी जांच

By Jagran NewsEdited By: Narender Sanwariya
Published: Sun, 25 Jun 2023 07:35 AM (IST)

नियमानुसार चार कमरों का होम स्टे होना चाहिए लेकिन दस कमरों के होम स्टे चल रहे हैं और वे भी ...और पढ़ें

Shimla News: हिमाचल में चल रहे 3512 अवैध होम स्टे, छह जिलों में होटल इंस्पेक्टर नहीं; कैसी होगी जांच
Shimla News: हिमाचल में चल रहे 3512 अवैध होम स्टे, छह जिलों में होटल इंस्पेक्टर नहीं; कैसी होगी जांच

शिमला, राज्य ब्यूरो। प्रदेश में अवैध तरीके से चलाए जा रहे होम स्टे पर रोक लगाने के लिए राज्य पर्यटन विभाग के पास छह जिलों में निरीक्षक नहीं है। ऐसे में अवैध रूप से चल रहे होम स्टे की जांच करना संभव नहीं है। नियमानुसार चार कमरों का होम स्टे होना चाहिए, लेकिन दस कमरों के होम स्टे चल रहे हैं और वे भी घरेलू बिजली-पानी की सुविधा के साथ। दस कमरों वाले होम स्टे होटल के तौर पर पंजीकृत होने चाहिए। जनजातीय किन्नौर व लाहुल-स्पीति जिले में होटल इंस्पेक्टर का पद रखा ही नहीं गया है। चंबा, सोलन, सिरमौर, हमीरपुर में होटल इंस्पेक्टर नियुक्त नहीं है। मंडी व कुल्लू जिलों के लिए दो-दो होटल इंस्पेक्टर के पद दिए गए हैं, लेकिन एक-एक मौजूद है।

वर्ष 2020 में एक प्रस्ताव तैयार किया गया था कि सभी जिलों में होटल इंस्पेक्टर नियुक्त होंगे। प्रदेश में वर्तमान में 3512 होम स्टे पंजीकृत हैं। राजधानी शिमला के उपनगरों में होम स्टे की भरमार है। हाल ही में राज्य पर्यटन बोर्ड के अध्यक्ष आरएस बाली ने नियमों के विपरीत चल रहे होम स्टे पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे।

घरेलू बिजली-पानी की सुविधा सरकार की ओर से होम स्टे शुरू करने के पीछे उद्देश्य था कि ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के लिए आय का अतिरिक्त साधन विकसित हो सके। शहर की भागमभाग से शुकून प्राप्त करने के लिए आने वाले पर्यटक को ग्रामीण आबोहवा में मानसिक शांति प्राप्त हो। लेकिन होम स्टे का मूल भाव पीछे छूट गया है और अधिक कमरे विकसित करके शहरी लोग व्यवसाय कर रहे हैं।

हाल ही में पर्यटन विभाग की समीक्षा बैठक में राज्य के किसी भी हिस्से में अवैध तरीके से चल रहे होम स्टे की जांच करने के निर्देश दिए गए थे। होटल व्यवसायियों की तरफ से इस तरह की शिकायतें बड़ी संख्या में प्राप्त हुई हैं कि होम स्टे चलाने वाले कमरों की संख्या बढ़ाकर नियमों को तोड़ रहे हैं। होम स्टे चलाने के लिए घरेलू दरों पर बिजली-पानी की सुविधा प्राप्त है। अधिक कमरों की बुकिंग करके होम स्टे चलाने वालों की जांच की जा रही है। (देवेश कुमार, प्रधान सचिव पर्यटन)।