राज्य ब्यूरो, शिमला : खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मंत्री किशन कपूर ने कहा कि खाद्यान्न में किसी भी प्रकार की कमी को सहन नहीं किया जा सकता। इसके लिए जिम्मेदार व्यक्ति के विरुद्ध सख्त कारवाई की जाएगी। किशन कपूर वीरवार को प्रदेश में उचित मूल्य पर उपभोक्ताओं को प्रदान किए जाने वाले खाद्यान्नों की आपूर्ति की समीक्षा बैठक में बोल रहे थे। खाद्य तेल की निविदाएं आमंत्रित की जा चुकी हैं। शीघ्र ही उपभोक्ताओं को इसकी आपूर्ति की जाएगी। इसी प्रकार लेवी चीनी का कोटा भी उपभोक्ताओं को जल्द प्रदान किया जाएगा। इसकी आपूर्ति की प्रक्रिया जारी है।

अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी खाद्यान्न में कोई कमी नजर नहीं आनी चाहिए। चीनी की खराब आपूर्ति पर तुरंत कार्रवाई करते हुए इसे वापस किया गया। उन्होंने कुछ डिपुओं में मशीन खराबी की शिकायतों को गंभीरतापूर्वक लेते हुए निर्देश दिए कि मशीन की खराबी राशन वितरण में कोई बहाना नहीं होना चाहिए। ऐसे कर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने कहा कि वितरण प्रणाली में पारदर्शिता होनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि दालों की आपूर्ति को लेकर भारत सरकार के साथ वीडियो कांफ्रेंसिग के माध्यम से बातचीत हुई है और दालें हैफेड से खरीदने पर सहमति बनी है, जिससे दालों पर सालाना करोड़ों रुपये की बचत होगी। इसके लिये विभागीय सचिव, निदेशक तथा नागरिक आपूर्ति के प्रतिनिधि की एक समिति गठित की गई है, जो दालों की आपूर्ति की विभिन्न पहलुओं सहित गुणवत्ता की जाच भी सुनिश्चित करेगी।

किशन कपूर ने राज्य में मुख्यमंत्री गृहिणी सुविधा योजना पर चर्चा करते हुए कहा कि 33,300 पात्र परिवारों को नि:शुल्क गैस कनेक्शन प्रदान किए जा चुके हैं। सितंबर अंत तक 10,000 से अधिक परिवारों को ये कनेक्शन उपलब्ध करवा दिए जाएंगे। इसके लिए लगभग 1.50 लाख आवेदन प्राप्त हुए हैं। जिनकी जाच की जा रही है। 1 जनवरी 2018 के पश्चात 2960 परिवारों का विभाजन हुआ है, जिन्होंने कनेक्शन के लिए आवेदन किया है। जाच के बाद 51,863 परिवार कनेक्शन हेतु पात्र पाए गए हैं। राज्य सरकार का प्रयास है कि प्रदेश इस योजना के लक्ष्यों को हासिल कर देश का पहला राज्य बन सके।

Posted By: Jagran