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हिमाचल में काली पट्टी बांधकर पढ़ाएंगे शिक्षक, शिमला में आर-पार की लड़ाई का शंखनाद; सत्याग्रह और उपवास करेंगे

By Parkash Bhardwaj Edited By: Rajesh Sharma
Published: Sun, 13 Sep 2026 06:40 PM (IST)

हिमाचल प्रदेश में शिक्षक संघ ने सरकार के खिलाफ आर-पार की लड़ाई का ऐलान किया है। मुख्यमंत्री की घोषणाएं लागू ...और पढ़ें

हिमाचल प्रदेश के शिक्षक काली पट्टी लगाकर पढ़ाएंगे। प्रतीकात्मक फोटो

हिमाचल प्रदेश के शिक्षक काली पट्टी लगाकर पढ़ाएंगे। प्रतीकात्मक फोटो

HighLights

  1. मुख्यमंत्री की घोषणाएं लागू न होने पर शिक्षकों में रोष।

  2. 2 अक्टूबर से काली पट्टी बांधकर पढ़ाएंगे, शिमला में सत्याग्रह।

  3. शीतकालीन सत्र के दौरान धर्मशाला में बड़ा प्रदर्शन करेंगे।

राज्य ब्यूरो, शिमला। हिमाचल प्रदेश में सरकार और प्राथमिक शिक्षकों के बीच टकराव अब उग्र रूप लेता जा रहा है। 26 जुलाई को शिमला के चौड़ा मैदान में मुख्यमंत्री की घोषणाएं जब तय समय सीमा के बाद भी धरातल पर नहीं उतरीं तो शिक्षकों के सब्र का बांध टूट गया। अब राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने सरकार के खिलाफ आर-पार की लड़ाई का शंखनाद कर दिया है। 

शिक्षा निदेशालय शिमला में राज्य अध्यक्ष रमेश शर्मा की अध्यक्षता में हुई राज्य कार्य परिषद की बैठक में कड़े फैसले लिए गए। शिक्षकों ने दो टूक चेताया है कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो दो अक्टूबर (गांधी जयंती) से अपना विरोध तेज कर देंगे। 

मांगों पर ठोस कार्रवाई न होने तक जारी रहेगा क्रमिक अनशन

निदेशालय के बाहर चल रहा क्रमिक अनशन तब तक जारी रहेगा, जब तक न्यू कांप्लेक्स सिस्टम और अन्य मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं होती। उन्होंने साफ कर दिया है कि इस दिन से से प्रदेशभर के प्राथमिक शिक्षक बाजू पर काली पट्टी या काले बिल्ले लगाकर ही स्कूलों में बच्चों को पढ़ाएंगे। 

इसी दिन शिमला में ऐतिहासिक रिज मैदान पर गांधी प्रतिमा के समक्ष शिक्षक सत्याग्रह और उपवास पर बैठेंगे। शाम ढलते ही शिक्षकों का यह आक्रोश कैंडल मार्च के रूप में सड़कों पर दिखाई देगा।

विधायकों को जगाएंगे, धर्मशाला में दिखाएंगे ताकत

आगामी शीतकालीन विधानसभा सत्र के लिए शिक्षकों ने बड़ी रणनीति तैयार की है। सत्र से ठीक पहले सभी 68 विधायकों को ज्ञापन सौंपकर उन्हें शिक्षकों की पीड़ा से अवगत कराया जाएगा। इसके बाद भी बात नहीं बनी तो शीतकालीन सत्र के दौरान धर्मशाला में प्रदेशभर के शिक्षक जुटेंगे और सरकार के खिलाफ एक विशाल धरना-प्रदर्शन करेंगे। प्राथमिक शिक्षक संघ ने सरकार से आग्रह किया है 26 जुलाई की घोषणाओं को महज कागजों तक सीमित न रखकर जल्द लागू किया जाए।

ये रहे मौजूद

इस अवसर पर राज्य महासचिव रजनीश कौशिक, कार्यकारी अध्यक्ष संजय पीसी, रमेश बिजलवान, कोषाध्यक्ष अनिल भाटिया, महिला विंग अध्यक्ष सुनीता शर्मा और उपप्रधान राजेंद्र हीर समेत सभी जिलों के अध्यक्ष और महासचिव मौजूद रहे।

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