यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 04, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Himachal Election 2022: भाजपा पर बरसीं सुप्रिया श्रीनेत, कुल्लू व गुजरात दुष्कर्म पर लिया आड़े हाथ
Himachal Pradesh Assembly Election 2022 कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने महिलाओं के साथ हो रहे जघन्य अपराधों पर ...और पढ़ें

शिमला, जागरण संवाददाता। Himachal Pradesh Assembly Election 2022, कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने महिलाओं के साथ हो रहे जघन्य अपराधों पर भाजपा पर ताबड़तोड़ हमले बोले। उन्होंने कांग्रेस आफिस में प्रेसवार्ता में कुल्लू जिले के मनाली में दो वर्षीय मासूम के साथ हुए जघन्य अपराध को लेकर भाजपा को आड़े हाथ लिया। कहा कि भाजपा राज में बेटियां सुरक्षित नहीं हैं। गुजरात का जिक्र करते हुए उन्होंने केंद्र की भाजपा सरकार को भी घेरा और आरोप लगाया कि भाजपा दुष्कर्मियों के बल पर चुनाव लड़ रही है। उन्होंने वहां दुष्कर्म के दोषी पाए 11 लोगों को छोड़े जाने की घटना को महिलाओं के लिए अपमान करार दिया। कहा कि कांग्रेस इसके खिलाफ लगातार संघर्ष कर रही है और करती रहेगी, क्योंकि कांग्रेस ने यह चुनावी नहीं, बल्कि महिलाओं के आत्मसम्मान और उनकी सुरक्षा का मामला है।
महिलाओं के साथ अपराध पर कांग्रेस की जीरो टालरेंस
उन्होंने कहा कि महिलाओं के साथ हो रहे अपराधों को लेकर कांग्रेस की जीरो टालरेंस की नीति है। कुल्लू जिले के मनाली में दो वर्षीय मासूम के साथ हुए जघन्य अपराध ने उन्हें काफी विचलित किया है। इस घटना से साफ है कि इस भाजपा शासित इस राज्य में बेटियां सुरक्षित नहीं हैं। कुछ दिन पहले एक महिला का जला हुआ शव बरामद हुआ। नेरवा में घास काटने गई महिला का शव पेड़ पर टंगा हुआ मिला। ये घटनाएं विचलित करने वाली हैं।
गुड़िया सक्षम बोर्ड में 8500 शिकायतें आई, एक पर भी राहत नहीं
कहा कि 2017 में कोटखाई छात्रा दुष्कर्म मामले में भाजपा ने गुड़िया हेल्पलाइन स्थापित की और इस पर 8500 शिकायतें दर्ज हुई हैं, लेकिन किसी पर भी कार्रवाई नहीं हुई है। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का दम भरने वाली भाजपा की केंद्र और हिमाचल सरकार के नेताओं के मुंह से मनाली की घटना पर दो शब्द भी नहीं निकले।
उद्योग मंत्री पर भी किया हमला
सुप्रिया श्रीनेत ने हरियाणा सरकार द्वारा राम रहीम को पैरोल पर छोड़े जाने पर भी हमला बोला और कहा कि हिमाचल के एक मंत्री उनसे वोट के रूप में आशीर्वाद मांग रहे हैं। कठुआ में दुष्कर्म करने वालों के समर्थन में प्रदर्शन होते हैं और कोई कार्रवाई नहीं होती है। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और खासकर भाजपा की नेत्रियों से पूछा कि वे ऐसी घटनाओं पर क्या कर रही हैं।
दुष्कर्म की घटनाओं पर स्मृति मौन क्यों
सुप्रिया श्रीनेत ने केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि उनका ध्यान अपने मंत्रालयों पर नहीं है, बल्कि राहुल गांधी पर ही है। महिला व बाल विकास का मंत्रालय मिलने के बाद भी वह महिलाओं के साथ हो रहे दुष्कर्म की घटनाओं पर मौन रहती हैं। स्मृति ईरानी केवल राहुल गांधी के खिलाफ ही दुष्प्रचार करती हैं। इसलिए केंद्र सरकार को राहुल गांधी दुष्प्रचार मंत्रालय बनाना चाहिए और इसका मंत्री स्मृति ईरानी को बनाना चाहिए, ताकि वह खुल कर कोई काम कर सकें।
