रामपुर बुशहर, संजय भागड़ा। हिमाचल में तबादलों को लेकर होने वाली सियासत में अब अपनी ही पार्टी के नेता भिड़ना शुरू हो गए हैं। रामपुर मंडल भाजपा की बैठक में दो महिला नेत्रियां इसी बात पर गुत्थमगुत्था हो गईं। दोनों को छुड़ाने में कार्यकर्ताओं के पसीने निकल गए। 

सोमवार को जब मंडल भाजपा की मासिक बैठक शुरू हुई तो सब सामान्य था। कार्यकर्ता मंडल अध्यक्ष शशि भूषण श्याम की बात सुन रहे थे। बैठक में अचानक नोगली निवासी एक महिला कार्यकर्ता के भाई के तबादले का मामला उठा। उक्त कार्यकर्ता का भाई कांग्रेस समर्थित बताया गया। इसी बात पर बवाल हो गया। इससे दो महिला नेत्रियां भिड़ गईं। इनमें एक नेत्री उक्त कार्यकर्ता को बैठक से बाहर ले गई और उसे स्वयं मुख्यमंत्री के पास जाकर तबादला रुकवाने के लिए समझाने लगी। उसी समय दूसरी नेत्री भी बाहर आई और दोनों में कहासुनी हुई। इसके बाद दोनों नेत्रियां बैठक में आ गईं। बैठक में आते ही दोनों गुत्थमगुत्था हो गईं। कार्यकर्ताओं ने बीच बचाव करते हुए दोनों को छुड़ाया। इस दौरान मंडल अध्यक्ष भी मौजूद थे।

मंडल अध्यक्ष ने माना, गलतफहमी हुई
इस बारे में भाजपा मंडल अध्यक्ष शशि भूषण श्याम ने बताया कि महिला नेत्रियों में किसी बात को लेकर गलतफहमी हुई है, हाथापाई नहीं हुई। दोनों को बैठक में ही शांत करवा दिया गया है।

हाथापाई नहीं, नोंकझोंक हुई

महिला मोर्चा अध्यक्ष अनु पौंड ने बताया कि हाथापाई नहीं, हल्की नोंकझोंक हुई है। बैठक में मंडल अध्यक्ष के समक्ष मामला सुलझा लिया गया था। भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य नीना शर्मा ने बताया कि हाथापाई जैसी कोई बात नहीं हुई है। जो भी हुआ, मामला मंडल अध्यक्ष के सामने हुआ है।

 

Posted By: Sachin Mishra