जागरण संवाददाता, शिमला : राजधानी शिमला में पहली बार रिज मैदान पर कितनी महिलाएं चांद के दीदार के लिए आ सकेंगी, यह सोमवार को तय किया जाएगा। कोरोना के चलते चांद के दीदार के दौरान शारीरिक दूरी के नियम का पालन हो, संक्रमण का खतरा न हो, इसका ध्यान रखना होगा।

शहर में करवाचौथ के दिन महिलाएं रात के समय व्रत तोड़ने से पहले रिज मैदान पर चांद के दीदार को पहुंचती हैं। इस दौरान काफी भीड़ रहती है। इस दौरान किसी तरह का संक्रणम न हो, इसलिए प्रशासन तय करेगा कि एक समय में कितनी महिलाएं एक साथ आ सकेंगी। इनके जाने के बाद ही दूसरी महिलाओं को रिज पर जाने की अनुमति दी जाएगी। इसके लिए प्रशासन ने सोमवार को बैठक रखी है। बैठक में किसी आला अधिकारी को पूरा प्लान तैयार करने का जिम्मा सौंपा जाना है।

कोरोना संकट में किसी भी स्थान पर ज्यादा लोगों के एकसाथ जुटने पर रोक है। त्योहारी सीजन में आम लोगों की आस्था को प्रभावित किए बगैर कैसे बेहतर तरीके से काम किया जाना है, इसकी पूरी योजना बनाई जाएगी। पुलिस का पहरा पहले सुरक्षा के लिए रहता था, इस बार शारीरिक दूरी बनाए रखने के लिए भी पुलिस की तैनाती होगी।

उपायुक्त आदित्य नेगी ने बताया कि सोमवार को इस मसले पर बैठक की जानी है। इसमें पूरा प्लान तैयार किया जाएगा। कोरोना संक्रमण के बचाव के साथ ही लोगों से त्योहार मानने की अपील की जाएगी। सेक्टर में बंट सकता है रिज मैदान

रिज मैदान को प्रशासन इस दौरान कई सेक्टरों में बांट सकता है। हर सेक्टर में महिलाओं के आने की संख्या को तय किया जाएगा। इसके बाद ही महिलाओं को चांद के दीदार के लिए परिवार सहित आने की अनुमति दी जाएगी। रेस्तरा में भी करना होगा नियमों का पालन

करवाचौथ पर अधिकतर लोग रिज मैदान पर चांद देखने के बाद परिवार के साथ डिनर करने के लिए शहर के रेस्तरां में जाते हैं। कोरोना संकट में इन रेस्तरां में ज्यादा भीड़ न हो, इसके लिए खासतौर पर हिदायत जारी की जाएगी। शहर में किसी भी तरह के कोरोना के लिए जारी नियमों का पालन हो, इसे सुनिश्चित बनाने के लिए अधिकारियों की भी तैनाती होगी।

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