संवाद सहयोगी, गोहर : गोहर में फायर ब्रिगेड की सुविधा होती तो शनिवार रात नांडी पंचायत में हुए अग्निकांड पर समय रहते काबू पाया जा सकता था और दो परिवारों के आशियाने को बचाया जा सकता था। नांडी गांव में तेज ¨सह व घनश्याम के मकान में गैस सिलेंडर में अचानक आग लगने से आठ कमरों का मकान राख हो गया। आग लगने का पता चलते ही आसपास के लोग एकत्रित हो गए तथा उन्होंने आग पर काबू पाने का प्रयास किया लेकिन आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। नांडी पंचायत प्रधान नागण देवी के अनुसार अग्निकांड का पता चलते ही अग्निशमन केंद्र मंडी को तुरंत सूचित कर दिया गया था लेकिन जब तक फायर ब्रिगेड पहुंचती, तब तक सब राख हो चुका था। गोहर, करसोग तथा पद्धर में फायर पोस्ट खोलने की कवायद कई माह से चल रही है। गृहरक्षा विभाग द्वारा इसके लिए स्थान तलाशने की भी बात कही गई थी लेकिन अब तक कुछ नहीं हो पाया है। स्थानीय निवासी महेश, महेंद्र, दीपक, तुलसीदास, मुरारी, रोशन ने बताया कि फायर ब्रिगेड को मंडी से गोहर पहुंचने में ही करीब डेढ़ घंटे का समय लग जाता है। ऐसे में दूरदराज के क्षेत्रों में समय पर पहुंचना मुमकिन नहीं है। गोहर मुख्यालय में फायर ब्रिगेड के लिए गृहरक्षा विभाग के कार्यालय के साथ काफी स्थान खाली है तथा यहां पर फायर पोस्ट खुलने से नाचन व सराज क्षेत्र की 35 से अधिक पंचायतों के सैकड़ों गावों को इसका फायदा मिल पाएगा। लोगों ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से फायर पोस्ट खोलने की मांग की है।

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