जागरण संवाददाता, मंडी : मनाली चंडीगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर पुंघ से भवाणा के बीच फोरलेन का आधा-अधूरा कार्य लोगों की जान का दुश्मन बन गया है। फोरलेन प्रबंधन की लापरवाही से यहां आए दिन हादसे हो रहे हैं। बावजूद इसके सुंदरनगर उपमंडल प्रशासन व फोरलेन का निर्माण कार्य कर रही कंस्ट्रक्शन कंपनी ने कोई सबक नहीं लिया है। कंस्ट्रक्शन कंपनी की कोताही यहां छह लोगों की जान पर भारी पड़ गई। कांगू में जहां से टेंपो ट्रेवलर खाई में गिरी वहां फोरलेन किनारे कोई पैरापिट या क्रैश बैरियर नहीं था। अगर क्रैश बैरियर होता तो ट्रेवलर खाई में लुढ़कने से बच जाती। यहां हर हादसे के बाद क्रैश बैरियर लगाने की मांग उठती रही है लेकिन इसको आज दिन तक पूरा नहीं किया।

उपायुक्त मंडी मदन चौहान ने बताया कि हादसा बाइक सवार को बचाते हुए हुआ लेकिन लेकिन जहां वाहन दुर्घटनाग्रस्त हुआ वहां सड़क किनारे पैरापिट नहीं था। इससे ट्रेवलर खाई में लुढ़क गई। फोरलेन का कार्य कर रही कंपनी को इस दिशा में कारगर कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं।

उपायुक्त ने लिया राहत एवं बचाव कार्यो का जायजा

मंडी : सुंदरनगर उपमंडल के कांगू में बरातियों से भरी टेंपों ट्रेवलर के खाई में लुढ़कने की सूचना मिलते ही उपायुक्त मंडी मदन चौहान सुंदरनगर अस्पताल पहुंचे और राहत व बचाव कार्यो का जायजा लिया। बाद में घटनास्थल का भी दौरा किया। पोस्टमार्टम के बाद शवों को अंबाला भेजने के लिए प्रशासन की तरफ से वाहन की व्यवस्था की।

Posted By: Jagran