यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 19, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
योल में अगले वर्ष नए रूप में होंगे चामुंडा शिव मंदिर के दर्शन, 50 फुट के करीब होगा मंदिर का गुंबद
अब अगले वर्ष फरवरी माह तक श्रद्धालुओं को श्रीचामुंडा शिव मंदिर के नए रूप में दर्शन होंगे। इसके लिए बकायदा ...और पढ़ें

सुरेश कौशल, योल। अब अगले वर्ष फरवरी माह तक श्रद्धालुओं को श्रीचामुंडा शिव मंदिर के नए रूप में दर्शन होंगे। इसके लिए बकायदा मंदिर प्रशासन ने ठेकेदार को निर्धारित समय अवधि में पुनर्निर्माण कार्य पूरा करने के निर्देश जारी कर दिए हैं। मंदिर के निर्माण में रिवाल्वर के नीले पत्थरों से किया जा रहा है।
मुख्य प्रवेश द्वार में किन्नौर के कारीगरों ने काष्टकुर्णी शैली में लकड़ी पर नक्काशी की है । अब नए निर्माण में मंदिर का गुंबद करीब 50 फुठ ऊंचा बनाया जा रहा है। इसमें में रिवाल्वर के नीले पत्थरों को उपयोग में लाया जा रहा है। मंदिर की दीवारों धार्मिक गाथाओं के चित्र उकेरने की योजना है। करीब तीन सौ साल प्राचीन शिव मंदिर का भवन वहुत ही जर्जर ओर खस्ताहालत हो चुका था। मंदिर प्रशासन ने अनुमानित 1.14 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले मंदिर के लिए बजट का प्रावधान किया।
वर्ष 2017 में वर्क अवार्ड किया गया। जिसके लिए वास्तु शास्त्र के विशेषज्ञों की राय तथा डिजाइन तैयार करवाया गया। इस कार्य में सबसे बडी समस्या थी तो वह है मंदिर के ऊपर की विशालकाय चट्टान को उसी स्थिति में टिकाएं रखने की । इसमें इंजीनियरो को काफी मेहनत करनी पड़ी । बहरहाल अब शिव मंदिर के नए रुप में दर्शन करने के लिए श्रद्धालुओं को ज्यादा इंतजार नहीं करना पड़ेगा ।
यह बोले मंदिर अधिकारी
मंदिर अधिकारी अपूर्व शर्मा ने बताया कि ठेकेदार को अगले वर्ष फरवरी माह पुनर्निर्माण कार्य पूरा करने के निर्देश जारी किए गए हैं।
