इंदौरा, रमन कुमार। उपमंडल इंदौरा के अधीन आते पशु पालन विभाग के मोहटली पशु चिकित्सालय के तहत आते चोचर गांव में पशु पालकों को अज्ञात बीमारी का डर सता रहा है। कोविड-19 के इस दौर में जहां मनुष्य अपने जीवन की सुरक्षित रखने के लिए तरह-तरह के उपाय कर रहा है। वहीं दूसरी ओर पशुओं को भी इसी तरह की एक बीमारी ने आ घेरा है। मामला बलीर पंचायत के चोचर गांव में अज्ञात बीमारी के कारण दुधारू पशुओं की मौत हो रही है। पशुपालकों ने बताया कि उन्होंने अपनी गाय को चराने के लिए छोडा था।

बीती शाम को तीन गाय वापस आ गई थी बाकी थी खेतों में ही रह गई । लेकिन जब सुबह गायों को देखने के लिए उठे तो पशुशाला में तीन गाय मृत पाई गई बाकी बची हुई इन गायों को ढूंढने के लिए निकले तो वह भी खेतों में मृत मिली। स्थानीय पशु अस्पताल के कर्मचारियों को सूचित किया गया। सूचना मिलते ही पशुपालन विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंचे लेकिन गाय मर चुकी थीं। इस गांव में छह महीने में इसी तरह के मामले पहले भी उनकी 36 दुधारू गायों के साथ हो चुके हैं। पशुपालन विभाग द्वारा गायों की मृत्यु का कारण जहरीला घास खाने से बताया गया था। लेकिन लगातार इस तरह हो रही गायों की मौत से पशुपालकों को लाखों रुपये का चपत लग चुकी है। लेकिन विभाग की तरफ से कोई भी समाधान और ना ही कोई सहायता दी गई है।

यह बोले एसडीएम सोमिल गौतम

एसडीएम इंदौरा सोमिल गौतम से बात की गई तो उन्होंने कहा फील्ड स्टाफ के माध्यम से गाय मरने की जानकारी मिली थी। जिन पशु पालकों की गाय मरी है उन्हें कागज तैयार करने के लिए कहा गया है। नियमों के आधार पर जो भी राहत बनेगी पशु पालकों को उपलब्ध करवा दी जाएगी

Edited By: Richa Rana