ढांगूपीर, संवाद सूत्र। डमटाल क्षेत्र के तहत बलीर क्षेत्र में पिछले एक सप्ताह से पशुओं की रहस्यमयी मौतें हो रही हैं। इसको लेकर खुद पशुपालन विभाग भी परेशान है। इसका मुख्य कारण ये है कि अभी तक यह बात पता नहीं चल पा रही है कि इन पशुओं को बीमारी क्या हो रही है। बस थोड़ी देर पशुओं में कंपकंपी होती और और 15-20 मिनट में भीतर उनकी मौत हो जाती है। पिछले एक माह में एक ही पंचायत में 19 पशुओं की ऐसे ही मौत हो चुकी है।

 

वीरवार को भी बलीर पंचायत के गांव चोचर के मोहल्ला मनहासा में एक गाय व एक बच्छडे की मौत हो गई।

चोचर गांव के मोहल्ला मनहासा में गत रात्रि पुनः बलकार सिंह की एक गाय व जसवीर सिंह के एक बछड़े की मौत हो गयी जिससे गोपालक बहुत ज्यादा आहत है। गोपालकों ने बताया कि मोहल्ला मनहासा में लगातार गोवंश की मौत एक रहस्य बनकर रह गया है। गोवंश की मौत को लेकर गोपालक पशु चिकित्सा विभाग के डॉक्टरों की टीम व गांववासी गोवंश की मौत को लेकर अभी तक किसी भी नतीजे पर नही पहुंचे है कि आखिर गोवंश की मौत का कारण क्या है।

कुल मिलाकर देखा जाए की लगभग एक महीना से इन दो पशुओं की मौत सहित 19 गोवंश की मौत हो गयी है। जिसमें तीन-चार परिवार ऐसे हैं जिनके सभी पशु खत्म होने से गोवंश रहित होकर रह गए है। पशुपालकों ने सरकार व प्रशासन से आर्थिक सहायता की अपील की है। उनका कहना है कि दूधरू गऊओ के दूध से व अपने परिवारों का भरण पोषण करते थे जिससे वह वंचित होते जा रहे है।

बलकार सिंह ने बताया कि उनके परिवारों की पशुओं की मौत से परिवार के लोग इतने आहत है कि पीड़ित परिवार वालो का विशेषकर बच्चे इतने सदमे में है कि आंतरिक रूप से भय इस में है कि खाना खाने का भी उनका मन नही है। उन्होंने कहा गोवंश की मौत को लेकर ना जाने लगता है कि देवी देवता भी उनके मोहल्ला के गोपालकों से नाराज हो गयर लगता है।

उधर पशु चिकित्सक अधिकारी मोहटली डा. विकास ने बताया कि हमने पोस्टमार्टम रिपोर्ट भेज दी है और एक रिपोर्ट पुलिस थाना में अभी आनी बाकी है उसके बाद ही इस विषय पर सही जानकारी प्राप्त होगी।

 

Edited By: Richa Rana