संवाद सहयोगी, ज्वालामुखी : राज्य योजना बोर्ड उपाध्यक्ष रमेश धवाला ने ज्वालामुखी एसडीएम व अन्य विभागीय अधिकारियों को मंदिर की ज्वालामुखी शहर में और आसपास के क्षेत्रों में भूमि को खंगालने और उसका रिकॉर्ड बनाने की निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि ज्वालामुखी मंदिर न्यास के लोगों को ही पता नहीं है कि मंदिर की भूमि कितनी है। ज्वालामुखी मंदिर के अधीन टेढ़ा मंदिर अष्टभुजा माता मंदिर व अन्य मंदिरों की कितनी भूमि है, उसकी भी जांच पड़ताल की जाए। प्राचीन रघुनाथ ईश्वर टेढ़ा मंदिर के पास मंदिर की लगभग 200 कनाल जमीन है। इसके अलावा टेढ़ा मंदिर की ही जिला ऊना के मुबारिकपुर के पास भी सैकड़ों कनाल जमीन है। इस पर कुछ लोगों ने कब्जे कर रखे हैं। कब्जों को हटाकर भूमि को कब्जे में लेना जरूरी है। ज्वालामुखी के अधिकारी इस समय का लाभ उठाएं। ज्वालामुखी मंदिर और इसके अधीन सभी मंदिरों की भूमि को कब्जों से खाली करें।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस