धर्मशाला, जेएनएन। Himachal Private Bus Operators, हिमाचल प्रदेश में आज से निजी बसें सड़कों पर दौड़ने से लोगों को काफी हद तक राहत मिली है। निजी बस ऑपरेटर्स काफी समय से हड़ताल पर थे, जिन्‍होंने परिवहन मंत्री से बैठक के बाद हड़ताल खत्‍म कर दी। जिला कांगड़ा, कुल्‍लू व मंडी में कुछ निजी ऑपरेटर्स ने बसें चला दी थीं। बुधवार को सभी ऑपरेटर्स ने बसें सड़क पर दौड़ाना शुरू कर दी हैं। बुधवार को बारिश होने के कारण दोपहिया पर कार्यालय व काम के लिए जाने वाले लोगों के लिए बस सुविधा उपलब्‍ध हुई। दो दिन पहले से एचआरटीसी ने बस सेवा शुरू कर दी थी। लेकिन बुधवार को निजी बसें भी चलने से यात्रियों को बस के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ा।

कोविड महामारी के कारण अभी एचआरटीसी ने भी सभी रूटों पर बसें नहीं दौड़ाई हैं। लेकिन कुछ रूटों पर बसें भेजी जा रही हैं। निजी ऑपरेटर्स ने भी पहले दिन सभी बसें नहीं चलाईं। धीरे-धीरे सवारियों के बढ़ने पर सरकारी व निजी बसों के रूट भी बढ़ जाएंगे। अभी लोग कोरोना के कारण बसों में सफर से घबरा रहे हैं। हालांकि सरकार ने 50 फीसद सवारियों को ही बैठाने की अनुमति दी है।

प्रदेश सहित जिला बिलासपुर में बुधवार से निजी बसें सड़कों पर चलीं। करीब डेढ़ माह से अपनी मांगों को लेकर हड़ताल पर गए बस आपरेटर्स ने बुधवार से अपनी बसों को निर्धारित रूटों पर चलाईं। जिला बिलासपुर के प्रधान राजेश पटियाल ने बताया कि मुख्यमंत्री ने सभी बस आपरेटरों की मांगों को जायज ठहराया। करीब 45 मिनट तक बैठक चली। इस वार्ता के दौरान उन्होंने बस आपरेटरों को उनकी मांगों के पूरा करने का आश्वासन दिया। साथ में सभी आपरेटर परिवहन मंत्री से मिले। उनके साथ भी मांगों को लेकर विचार विमर्श किया। परिवहन मंत्री ने भी मांगों के पूरा करने का आश्वासन दिया।

पटियाल ने बताया कि केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर से भी मुलाकात की। अनुराग ठाकुर ने  मांगों को जायज ठहराया है।इस मौके पर प्रदेश नेतृत्व के अलावा जिला बिलासपुर की ओर से उपाध्यक्ष अनिल चंदेल, हुसैन अख्तर, सुरेंद्र मौजूद रहे।

Edited By: Rajesh Kumar Sharma