यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 30, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
एयर एबुलेंस से कांगड़ा हवाई अड्डा पहुंची बाली की पार्थिव देह, सैकड़ों की संख्या में उमडे़ लोग
पूर्व मंत्री जीएस बाली की पार्थिव देह एयर एबुलेंस के माध्यम से कांगड़ा हवाई अड्डा पर पहुंच गई है। निजी ...और पढ़ें

धर्मशाला, जागरण संवाददाता। पूर्व मंत्री जीएस बाली की पार्थिव देह एयर एबुलेंस का माध्यम से कांगड़ा हवाई अड्डे पर पहुंच गई है। निजी विमान से उनकी पार्थिक देह को उनके सुपुत्र रघुवीर सिंह बाली कांगड़ा में उनके निवास स्थान पर ले गए हैं।
हवाई अड्डे पर उनके जीएस बाली के अंतिम दर्शनों को लेकर काफी भीड़ भी उमड़ी। बाली की पार्थिव देह को कांगड़ा में उनके निवास स्थान पर रखा जाएगा। रविवार को उनकी पार्थिव देह को हटवास में दशनार्थ रखा जाएगा और रविवार दोपहर बाद चामुंडा नंदिकेशर धाम में उनका अंतिम संस्कार होगा। बाली पिछले कुछ दिनों से बीमार चल रहे थे और शुक्रवार रात को उनका निधन हुआ था। उनके निधन पर कांग्रेस ही नहीं बल्कि भाजपा नेताओं ने भी शोक व्यक्त किया है।
जीएस बाली का राजनीतिक सफर
जन्म तिथि - 27 जुलाई 1954
हिमाचल सोशल बॉडी दिल्ली के रहे अध्यक्ष।
1990 से 1997 तक कांग्रेस विचार मंच के संयोजक, कांग्रेस सेवादल के अध्यक्ष व प्रदेश कांग्रेस कमेटी के संयुक्त सचिव की जिम्मेवारी भी उन्होंने निभाई थी।
राजनीति में वर्ष 1998 में पर्दापरण ।
कांग्रेस की टिकट से उन्होंने वर्ष 1998 में नगरोटा बगवां से पहला चुनाव लड़ा था और जीत भी हासिल की।
नगरोटा बगवां से वह लगातार चार बार विधायक रहे।
वर्ष 2017 के विस चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पडा।
कांग्रेस कार्यकाल में उन्हाेंने केबिनेट मंत्री का कार्यभार भी संभाला।
कांग्रेस कार्यकाल में परिवहन एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री व उपभोक्ता मामलों का संभाला जिम्मा।
