मनाली, जागरण संवाददाता। कुछ समय पहले तक सर्दी का मौसम शुरू होते ही रोहतांग दर्रा लोगों को भयभीत करता था, शीत मरुस्थल के नाम से पहचाना जाने वाला लाहुल-स्पीति जिला छह माह तक देश-दुनिया से कटा रहता था। लेकिन अटल टनल रोहतांग बनने के बाद तस्वीर पूरी तरह से बदल गई है। इस सुरंग ने लाहुल-स्पीति और शेष हिमाचल के बीच की दूरियां खत्म कर दी हैैं। लाहुल-स्पीति अब सर्दी के मौसम में कटा नहीं रहता बल्कि यह नए पर्यटन स्थल के रूप में लोगों की पहली पसंद बन गया है। आंकड़े भी साबित करते हैैं कि यहां पर लगातार पर्यटकों की आमद बढ़ी है। उम्‍मीद है कि पर्यटकों के आगमन में अभी और बढ़ोतरी होगी।

चार दिसंबर को रिकार्ड 6419 वाहन अटल टनल के आर-पार हुए। इनमें से 3194 वाहन मनाली से लाहुल आए जबकि 3225 वाहन लाहुल से मनाली लौटे। अटल टनल के उद्घाटन के बाद से अब तक 6,49,087 वाहनों की आवाजाही हो चुकी है।

अटल टनल रोहतांग खुलने के बाद रोजाना चार गुना ट्रैफिक बढ़ा है। चार दिसंबर को 6419 वाहन आर-पार हुए हैं। सुरक्षा के लिहाज से पर्यटक व लोग दिशानिर्देश का पालन करें, उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।

-मानव वर्मा, पुलिस अधीक्षक लाहुल स्पीति।

लाहुल घाटी में पर्यटकों को जूट के बैग देगा प्रशासन

स्वच्छता के प्रति जागरूकता पैदा करने के लिए लाहुल स्पीति प्रशासन पर्यटकों को जूट के बैग वितरित करेगा। शुरू में 10 हजार बैग बांटे जाएंगे। उपायुक्त नीरज कुमार ने बताया कि लाहुल-स्पीति के पर्यटन स्थलों में कचरे की समस्या से निपटने के लिए में अटल टनल के नार्थ पोर्टल में प्रवेश करते ही गारबेज कलेक्शन सेंटर में पर्यटकों को जूट के बैग दिए जाएंगे। इनसे वापसी में बैग लिए जाएंगे।

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Edited By: Rajesh Kumar Sharma