संवाद सहयोगी, धर्मशाला : नगर निगम धर्मशाला में अवैध भवन निर्माण व अतिक्रमण के 90 मामले हैं। ज्यादातर मामलों में नगर निगम ने नोटिस जारी कर दिए हैं। यदि जवाब संतोषजनक न हुआ तो निगम आगामी कार्रवाई करेगा।

ज्यादातर मामले मर्ज क्षेत्रों के हैं, जो वर्ष 2015 में नगर परिषद से नगर निगम धर्मशाला में शामिल हुए हैं। इन क्षेत्रों में भी भागसूनाग की तरह ही नालों में ही कब्जे किए गए हैं। भागसूनाग में 12 जुलाई को जलभराव के बाद नाले पर अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। अब अन्य वार्डो में भी कब्जे हटाए जाएंगे। भागसूनाग नाले को खाली करवाने के लिए निगम का अभियान जारी है। शनिवार को भी जेसीबी से नाले को खाली करवाया गया।

.......................

शहर में 90 मामले अवैध भवन निर्माण व नालों पर अतिक्रमण के हैं। ज्यादातर लोगों को नोटिस जारी कर दिए हैं। यदि लोग खुद ही अतिक्रमण नहीं हटाते हैं तो निगम की ओर से कार्रवाई की जाएगी।

-प्रदीप ठाकुर, आयुक्त नगर निगम धर्मशाला।

........................

नगर निगम के कार्यो को शीघ्र शुरू करें ठेकेदार

नगर निगम धर्मशाला में ठेकेदारों को अवार्ड हुए कार्यों को शीघ्र शुरू करने के निर्देश विधायक विशाल नैहरिया ने दिए हैं। शनिवार को नगर निगम धर्मशाला में पार्षदों व अधिकारियों से विधायक ने बैठक की। इस दौरान नगर निगम अधिकारियों को ऐसे ठेकदारों की सूची बनाने के निर्देश जारी किए, जिन्हें नगर निगम से कार्य अलाट हुए लंबा समय हो गया है, लेकिन अभी तक शुरू नहीं कर पाए हैं। विधायक ने सभी पार्षदों से वार्डो की प्राथमिकताएं मांगी। पार्षदों से मिलने वाली प्राथमिकता के आधार पर वार्ड में काम किया जाएगा। विशाल नैहरिया ने कहा कि नगर निगम एरिया में कई स्थानों से यह शिकायत आ रही है कि ठेकेदार को काम तो अलाट हो गया है, लेकिन लंबे समय से शुरू नहीं हो पाए हैं। बैठक में महापौर ओंकार सिंह नैहरिया, उपमहापौर सर्वचंद गलोटिया व आयुक्त प्रदीप ठाकुर के अलावा सभी पार्षदों ने भाग लिया।

Edited By: Jagran