विशाल सेखड़ी, डलहौजी

चंबा-पठानकोट राष्ट्रीय उच्च मार्ग तुन्नुहट्टी के समीप बुधवार देर रात ट्रक हादसे के बाद करीब 14 घंटे बाधित रहा। इससे यहां पर लोगों को वाहनों में ही भूखे-प्यासे रहकर रात काटनी पड़ी। उधर, एनएच प्राधिकरण को मार्ग बहाल करने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। यहां पर जेसीबी खराब होने के कारण किराये पर अन्य जेसीबी लेकर मार्ग बहाल करना पड़ा। बुधवार रात करीब पौने 10 बजे अवरुद्ध हुए एनएच को वीरवार दोपहर करीब 12 बजे यातायात के लिए बहाल किया जा सका। इससे सैकड़ों लोगों को परेशान होना पड़ा।

चंबा की ओर सीमेंट की सप्लाई लेकर जा रहा एक ट्रक ककीरा रोड से दुर्घटनाग्रस्त होकर लुढ़कते हुए चंबा-पठानकोट एनएच आ गिरा। हादसे के बाद पुलिस व स्थानीय लोग बचाव कार्य में जुट गए थे। ट्रक के एनएच पर आ गिरने से यहां पर एनएच बड़े वाहनों की आवाजाही के लिए अवरुद्ध हो गया। छोटे वाहनों को चालक मुश्किल से किसी तरह यहां से गुजारते रहे। इससे यहां पर एनएच पर दोनों ओर बसों, ट्रकों व अन्य बड़े वाहनों की कतारें लग गई। मार्ग अवरुद्ध होने के बाद यहां पर वाहनों में ही लोग फंस गए। लोगों का आरोप है कि एनएच प्राधिकरण द्वारा रात को मार्ग बहाल करने के लिए कोई कदम नहीं उठाए गए। इससे यहां पर दिक्कत झेलनी पड़ी। रात को तुन्नुहट्टी में ढाबे व अन्य दुकानें भी बंद हो जाने के कारण लोगों को भूखे प्यासे रहना पड़ा। बुधवार को पठानकोट में दुकान का सामान लेने गया था। वापसी पर तुन्नुहट्टी में मार्ग अवरुद्ध होने पर यहां फंस गया। सामान को वहां छोड़ नहीं सकता था। लिहाजा रातभर सर्दी के बीच वाहन में ही बैठकर मार्ग खुलने का इतंजार करना पड़ा। एनएच प्राधिकरण को रात को ही मार्ग को खोल देना चाहिए था।

चुन्नी लाल, व्यापारी बनीखेत। निजी कार्य के चलते बुधवार को पठानकोट गया था लेकिन वापसी पर मार्ग अवरुद्ध होने के कारण काफी परेशानी हुई। रातभर भूखे रहकर ठंड में मार्ग खुलने का इंतजार करना पड़ा। एनएच को मार्ग को बहाल करने में 14 घंटे लग गए जोकि काफी हैरान करने वाला है। प्रमुख एनएच पर हर समय एनएच की मशीनरी तैनात रखी जानी चाहिए।

राजीव कुमार, निवासी पुखरी। जालंधर में एक समारोह में शिरकत करने के बाद बुधवार को वापस डलहौजी लौट रहा था लेकिन मार्ग अवरुद्ध होने से तुन्नुहट्टी में ही फंस गया। पैदल दूसरी तरफ आकर अपने परिचित की गाड़ी तुन्नुहट्टी मंगवाकर देर रात को डलहौजी घर पहुंचना पड़ा। इससे काफी परेशान होना पड़ा। एनएच प्राधिकरण का मार्ग को बहाल करने के प्रति उपेक्षात्मक रवैया निराशाजनक है।

अमित कारी, निवासी डलहौजी। डलहौजी के एक निजी स्कूल में अध्यापक हूं और पठानकोट से काम के बाद लौट रहा था। मगर तुन्नुहट्टी में रात भर मार्ग अवरुद्ध रहने से यहां वाहन में बैठकर कड़ाके की ठंड में रात गुजारनी पड़ी। यहां पर अन्य लोगों को भी रातभर परेशान होना पड़ा।

संजय भारद्वाज, शिक्षक। एनएच प्राधिकरण की जेसीबी खराब थी। इसके कारण मार्ग को बहाल करने में समय लग गया। वीरवार सुबह किराये पर जेसीबी लेकर मार्ग को बहाल करवाया गया।

कनव बड़ोत्रा, एसडीओ एनएच प्राधिकरण डलहौजी।

Posted By: Jagran