संवाद सहयोगी, घुमारवीं : लोक निर्माण विश्रामगृह घुमारवीं में शिवा टैक्सी यूनियन के पदाधिकारियों की बुधवार को बैठक हुई जिसकी अध्यक्षता यूनियन प्रधान नंदलाल ने की इसमें यूनियन द्वारा महत्वपूर्ण मुद्दों पर विचार विमर्श किया गया। 20 वर्ष से टैक्सी स्टैंड की मांग कर रहे शिवा टैक्सी यूनियन के ऑपरेटरों ने सर्वसम्मति से सरकार द्वारा आज दिन तक टैक्सियों के लिए स्थाई जगह न होने के कारण नई गाड़ियों का पंजीकरण बंद कर दिया गया है।

टैक्सी यूनियन का कहना है कि जब तक हमारे पास स्थाई जगह नहीं मिलती है तब तक नई गाड़ियों का पंजीकरण नहीं होगा। हमारी यूनियन ने कई बार प्रशासन को टैक्सी स्टैंड के लिए ज्ञापन दिया पर आज तक उस पर कोई भी कार्रवाई नहीं हुई। शिवा टैक्सी यूनियन में इस वक्त 60 टैक्सी ऑपरेटर रोजी-रोटी कमा रहे हैं। इनका कहना है कि टैक्सियों के लिए बाजार में जगह न होने से इन्हें गाड़ियां सड़क के किनारे लगानी पड़ती हैं जिसको लेकर अक्सर स्थानीय दुकानदारों से तकरार चलती रहती है क्योंकि कोई भी दुकानदार अपनी दुकान के आगे टैक्सी लगाने के लिए मना करता है। हैरानी की बात है कि जब-जब टैक्सी यूनियन ने अपनी मांगों को लेकर हड़ताल की तब तब प्रशासन और सरकार के नुमाइंदे उन्हें मनाने के लिए झूठी दिलासा देकर हड़ताल को खत्म कर देते थे। इस बार टैक्सी यूनियन ने पक्का मन बना लिया है और अगर टैक्सी स्टैंड को लेकर जल्द कोई कार्रवाई नहीं हुई तो भूख हड़ताल की जाएगी और आमरण अनशन भी किया जाएगा।

ज्ञात हो कि घुमारवीं जिला बिलासपुर का सबसे बड़ा व्यापारिक केंद्र है। यहां करीब 50 पंचायतों के लोगों के आने-जाने की और खरीदारी करने की सबसे बड़ी मार्केट है।

उन्होंने कहा कि सरकार को अल्टीमेटम दिया गया है कि अगर एक माह में हमारी समस्या का हल नहीं हुआ तो टैक्सी यूनियन अपनी गाड़ी की चाबियां प्रशासन को थमाकर आमरण अनशन पर बैठ जाएगी। टैक्सी यूनियन ने स्थानीय विधायक राजेंद्र गर्ग व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से आग्रह किया कि टैक्सी स्टैंड के लिए जल्द जगह मुहैया कराई जाए।

बैठक में प्रधान नंदलाल, उपप्रधान कुलदीप कुमार, महासचिव नेक मोहम्मद, सह सचिव सतीश कुमार, कोषाध्यक्ष सुभाष चंद्र, संगठन सचिव राजेश कुमार, कानूनी सलाहकार विष्णु दत्त शर्मा, प्रेस सचिव संजीव कुमार, कार्यकारी सदस्य कर्म सिंह, बुद्धि सिंह आदि मौजूद रहे।

Posted By: Jagran

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप