संवाद सहयोगी, घुमारवीं : घुमारवीं उपमंडल में पार्किंग की उचित व्यवस्था न होने से चालकों को वाहन पार्क करने के लिए परेशानी झेलनी पड़ रही है। घुमारवीं में पार्किंग न होने से मजबूरी में सड़क के किनारे वाहन खड़े करने पड़ रहे हैं। आलम यह है कि इस मजबूरी का खामियाजा उनको चालान के रूप में भुगतना पड़ रहा है। हालांकि घुमारवीं में पार्किंग की समस्या को दूर करने के लिए दो वर्ष पूर्व पार्किंग का शिलान्यास हुआ था लेकिन इतने समय बाद भी पार्किंग का निर्माण अधर में लटका है। घुमारवीं में हाईटेक से पार्किंग बनाने की बात कही गई थी लेकिन अभी तक काम ही शुरू नहीं हो पाया है।

लदरौर, भराड़ी, लैहड़ी सरेल, कुठेड़ा, बरठीं, सुन्हाणी, भगेड़, अमरपुर से लोग घुमारवीं आते हैं। पार्किग सुविधा न होने से उन्हें वाहन पार्क करने में दिक्कत आती है। मजबूरी में सड़क के किनारे गाड़ियां खड़ी करनी पड़ती हैं। कुछ समय पहले भी दकड़ी चौक पर सड़क किनारे खड़ी गाड़ियों को एक गाड़ी ने टक्कर मार दी थी। अक्सर वाहन चालकों को सड़क किनारे खड़ी गाड़ियों की वजह से सड़क पार करने वाले राहगीर नजर नहीं आते, जिससे दुर्घटनायें होती रहती है।

घुमारवीं में हाईटेक तरीके से पार्किंग बनाने की कवायद से इस समस्या का हल होता नजर आया था लेकिन अभी तक इसका समाधान फाइलों में ही हो रा है। हिमुडा द्वारा किया गया पार्किंग का निर्माण नाममात्र है। बजट न होने के कारण उन्होंने भी हाथ खड़े कर दिए है। हिमुडा को 15 लाख रुपये स्वीकृत हुए थे। जिससे उन्होंने जितना हो सके निर्माण करवा दिया है। वो भी अब अगले स्वीकृत राशि का इंतजार में है।

नगर परिषद उपाध्यक्ष रीता सहगल का कहना है कि जब वह परिषद में अध्यक्ष थी तो उन्होंने लोक निर्माण विभाग को यह कार्य सौप दिया था। क्योंकि इतने बड़े स्तर पर कार्य करवाना परिषद के लिए मुश्किल था।

लोक निर्माण विभाग के अधिशाषी अभियंता मनोहर लाल वर्मा ने बताया कि मंडी से आई सीनियर आर्किटेक्ट की टीम ने इस जगह को रिजेक्ट कर दिया है। नाले के तटीकरण के बाद यह छोटा हो जाना था तथा इससे दिक्कत आनी थी। अगर परिषद अन्य स्थान पर भूमि मुहैया करवाती है तो पार्किंग बनाई जाएगी।

Posted By: Jagran