संवाद सहयोगी, नम्होल : नई पेंशन नीति कर्मचारी महासंघ की बिलासपुर इकाई की बैठक जुखाला में हुई। बैठक में शिक्षा, ¨सचाई एवं जलापूर्ति विभाग, पशुपालन तथा राजस्व विभाग के कर्मचारी मौजूद रहे। सदर ब्लॉक के अध्यक्ष शशीपाल शर्मा ने बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि नई पेंशन नीति कर्मचारियों के साथ अन्याय है। भारतीय संविधान के अनुसार पेंशन देना सरकार का दायित्व है। एक कर्मचारी अपना पूरा जीवन सरकार के कामों के लगा देता है। बुढ़ापे में वह जब वह काम करने योग्य नहीं होता है तो उसे सेवा से निवृत्त कर दिया जाता है। नई पेंशन नीति में कर्मचारी के बुढ़ापे के एकमात्र सहारे पेंशन को भी समाप्त कर दिया गया है। इस नीति में तो बुढ़ापा पेंशन से कम पेंशन मिल पा रही है। केंद्र सरकार ने अपने कर्मचारियों को मृत्यु व अपंगता पेंशन जारी कर दी है परंतु 40 से अधिक विधायकों व 10 बार मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपने के बाद भी हिमाचल सरकार इसे लागू नहीं कर रही है।

28 अक्टूबर को सांसद अनुराग ठाकुर के आवास पर एक दिन कर्मचारी सामूहिक उपवास करेंगे व उनका घेराव करेंगे क्योंकि 30 अप्रैल की महारैली के बाद भी केंद्र सरकार ने पुरानी पेंशन बहाली के लिए कोई पहल नहीं की है। 26 नवंबर को संसद का घेराव किया जाएगा। संगठन ने मुख्यमंत्री कार्यालय में जल्द वार्ता के लिए पत्र दिया है। यदि सरकार इस विषय पर कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लेती है तो शिमला में भी रैली का आयोजन किया जाएगा। बैठक में सुशील कुमार को पशुपालन विभाग और ओमप्रकाश को राजस्व विभाग का प्रभारी नियुक्त किया गया। इसके अतिरिक्त बैठक में सदर ब्लॉक महासचिव धर्मदास ठाकुर, कोषाध्यक्ष अजय कुमार, भूपेंद्र ठाकुर, कमल किशोर, अनिल बंसल, हरिराम, हेतराम नंदकिशोर शुभम धीमान, ऋषभ शर्मा, अमित कुमार, जसवीर ¨सह, गौरव शर्मा, अनीता कुमारी , सतपाल ठाकुर, अश्विनी ठाकुर, सुखराम कौंडल , पवन दुर्वासा व श्रीराम उपस्थित थे।

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