यमुनानगर में हर घर तक पहुंचेगा साइबर सुरक्षा का संदेश, पुलिस ने शुरू किया विशेष जागरूकता अभियान
यमुनानगर पुलिस ने राष्ट्रीय साइबर सुरक्षा माह के तहत एक विशेष जागरूकता अभियान शुरू किया है।

राष्ट्रीय साइबर सुरक्षा माह के तहत एक विशेष जागरूकता अभियान शुरू किया (फाइल फोटो)
HighLights
यमुनानगर पुलिस ने साइबर सुरक्षा जागरूकता अभियान की शुरुआत की।
बैंक विवरण, ओटीपी किसी अनजान से साझा न करने की सलाह दी।
साइबर ठगी होने पर तुरंत 1930 हेल्पलाइन पर शिकायत करें।
जागरण संवाददाता, यमुनानगर। साइबर ठग रोज नए-नए तरीकों से लोगों को अपने जाल में फंसाकर आनलाइन ठगी की वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। साइबर अपराधों से लोगों को बचाने और आनलाइन सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से जिला पुलिस ने अक्टूबर माह को राष्ट्रीय साइबर सुरक्षा माह के रूप में मनाया जा रहा है। इस अभियान के तहत मंगलवार को साइबर क्राइम थाना पुलिस की टीम हिंदू गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल व बस स्टैंड जगाधरी पर विद्यार्थियों को जागरूक किया। उन्हें पंपलेट बांटकर साइबर ठगी से बचाव के उपायों की जानकारी दी जाएगी।
साइबर क्राइम थाना प्रभारी रविंद्र कुमार व पीएसआइ खुशबीर सिंह ने बताया कि किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ बैंक खाता, डेबिट कार्ड, ओटीपी व पासवर्ड शेयर न करें।
इंटरनेट पर आने वाले लिंक, निवेश योजनाओं और आनलाइन खरीददारी के आफर से संबंधित लिंक के प्रति सचेत रहे। यदि कोई ठगी का शिकार हो जाता है तो वह तुरंत 1930 नंबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराएं। जिससे ठगी की राशि के वापस मिलने की संभावना अधिक रहती है।
जागरूकता से होगा बचाव
एसपी कमलदीप गोयल ने बताया कि साइबर अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए सभी पर्यवेक्षक अधिकारियों और थाना प्रभारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
थाना स्तर पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर आमजन को आनलाइन धोखाधड़ी के नए तरीकों और उनसे बचने के सुरक्षित उपायों के बारे में जानकारी दी जाएगी। अभियान के दौरान मजबूत पासवर्ड रखने, टू-फैक्टर सिक्योरिटी अपनाने, मोबाइल फोन और साफ्टवेयर को समय-समय पर अपडेट करने, इंटरनेट का सुरक्षित इस्तेमाल करने, आनलाइन लेन-देन में विशेष सावधानी बरतने के लिए लोगों को जागरूक किया जाएगा। इसके अलावा महिलाओं, बच्चों, विद्यार्थियों, व्यापारियों और समाज के अन्य वर्गों को भी अभियान से जोड़ा जाएगा।
