विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

11 फीट लंबा, 45 KG वजन... हरियाणा के यमुनानगर में 10 दिन बंद कमरे के रोशनदान में फंसा रहा अजगर; ऐसे किया गया रेस्क्यू

Published: Wed, 14 Oct 2026 12:47 AM (IST)

यमुनानगर के रसूलपुर गांव में एक बंद कमरे के रोशनदान में 11 फीट लंबा और 45 किलो वजनी अजगर लगभग ...और पढ़ें

हरियाणा में 10 दिन बंद कमरे के रोशनदान में फंसा रहा 11 फीट लंबा अजगर।

हरियाणा में 10 दिन बंद कमरे के रोशनदान में फंसा रहा 11 फीट लंबा अजगर।

HighLights

  1. यमुनानगर में 11 फीट का अजगर रोशनदान में फंसा

  2. 10 दिन तक फंसा रहने से अजगर गंभीर घायल हुआ

  3. वन्यजीव विभाग ने पांच घंटे में सफल रेस्क्यू किया

जागरण संवाददाता, यमुनानगर। साढ़ौरा क्षेत्र के रसूलपुर गांव में खेतों के बीच बने बंद कमरे के रोशनदान में 11 फीट लंबा और करीब 45 किलो वजनी अजगर लगभग 10 दिनों तक फंसा रहा।

बाहर निकलने की कोशिश में रोशनदान की लोहे की ग्रिल के नुकीले हिस्से उसके पेट में करीब तीन-तीन इंच तक धंस गए। इससे वह गंभीर रूप से घायल और कमजोर हो गया।

खेत मालिक गुरदीप ने बताया कि वह कई दिनों बाद खेत पहुंचे तो उन्होंने दरवाजे के ऊपर बने रोशनदान में अजगर को फंसा देखा। उन्होंने तुरंत वन्यजीव विभाग को सूचना दी। सूचना मिलने पर विभाग की टीम मौके पर पहुंची।

रेस्क्यू अभियान का नेतृत्व कर रहे कर्मचारी मोहित ने बताया कि अजगर ग्रिल के बीच बुरी तरह अटका था और उसे बिना अतिरिक्त चोट पहुंचाए निकालना चुनौतीपूर्ण था। टीम ने छेनी और हथौड़े से रोशनदान का हिस्सा तोड़कर ग्रिल बाहर निकाली।

जांच में पता चला कि ग्रिल के दो नुकीले हिस्से अजगर के शरीर और पेट में धंसे थे। करीब 10 दिनों तक बिना भोजन-पानी और दर्द में रहने से वह बेहद सुस्त हो चुका था। टीम ने ब्लेड से ग्रिल को सावधानीपूर्वक काटा।

पांच घंटे से अधिक चले अभियान के बाद अजगर को सुरक्षित मुक्त कराया गया। वन्यजीव विभाग की टीम ने उसे प्राथमिक उपचार दिया। वन्य प्राणी विभाग के जिला निरीक्षक लीलू राम ने बताया कि उपचार और स्वास्थ्य लाभ देने के बाद अजगर को उसके प्राकृतिक आवास में छोड़ने के लिए कलेसर के जंगलों में ले जाया गया। समय पर सूचना और रेस्क्यू से उसकी जान बचाई जा सकी।