नई दिल्ली/सोनीपत, जागरण संवाददाता। दिल्ली-हरियाणा के सिंघु बॉर्डर पर हरियाणा और पंजाब के किसानों का धरना-प्रदर्शन 28 नवंबर, 2020 से लगातार जारी है। किसान तीनों केंद्रीय कृषि कानूनों को पूरी तरह से वापस लेने की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। इस बीच सोनीपत के गांव फरमाणा के शोभनाथ मंदिर परिसर में किसान मोर्चे की एक बैठक हुई, जिसकी अध्यक्षता भारतीय किसान यूनियन प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यवान नरवाल ने की।

हर गांव से 10 किसान आंदोलन स्थल पर जाएंगे 

भारतीय किसान यूनियन की बैठक में सत्यवान नरवाल ने कहा कि आंदोलन को गति देने के लिए अब हर गांव में कमेटी गठित की जाएगी जो आंदोलनकारियों के लिए खाद्य सामग्री व आर्थिक मदद का इंतजाम करेगी। बैठक में फैसला लिया गया कि क्षेत्र के हर किसान से प्रति एकड़ सौ रुपये एकत्रित कर आंदोलन को चंदा दिया जाएगा और प्रतिदिन हर गांव से 10 किसान आंदोलन स्थल पर जाकर मनोबल बढ़ाएंगे।

बैठक में सर्वसम्मति से भोलू पहलवान को भाकियू का ब्लाक युवा अध्यक्ष बनाया गया। इस मौके पर दादरी जिला प्रधान सुधीर डागर, सोनीपत जिला प्रधान अशोक लठवाल, गन्नौर ब्लाक प्रधान रवींद्र,खरखौदा ब्लाक प्रधान जय सिंह दहिया, बलबीर सेहरी, गहलावत अठगामा प्रधान सतबीर, सुरेंद्र, राजू, सुभाष निरथान, जोगिंद्र सिंह, बीरबल, सतबीर, राम सिंह और देवेंद्र मौजूद रहे।

सर्विस रोड की मरम्मत व आंदोलन स्थल पर फॉगिग के निर्देश

वहीं, पिछले दिनों उपायुक्त ललित सिवाच ने कहा कि कुंडली-सिंघु बार्डर पर जारी आंदोलन में हिंसा के लिए कोई स्थान नहीं है। संयुक्त किसान मोर्चा के नेताओं ने ट्रैफिक जाम की स्थिति पर विस्तार से चर्चा करते हुए समाधान के लिए बाहरी ट्रैफिक के प्रवेश पर रोक लगाने की मांग की। नेताओं ने कहा कि स्थानीय लोगों को विशेष छूट दी जाए, लेकिन दिल्ली जाने के लिए अन्य क्षेत्रों से आने वाले लोगों के लिए वैकल्पिक मार्ग दिया जाए। साथ ही उन्होंने सर्विस रोड को दुरुस्त करने की मांग की। नेताओं ने आंदोलन स्थल पर बिजली व सफाई की व्यवस्था को सुदृढ़ करने तथा फॉगिंग करवाने की मांग की।

उपायुक्त ने अधिकारियों को सभी व्यवस्थाओं को व सर्विस रोड की मरम्मत का कार्य कराने के निर्देश दिए। पुलिस अधीक्षक जशनदीप सिंह रंधावा ने आंदोलनकारी नेताओं व स्थानीय लोगों से अपील की है कि वह कानून-व्यवस्था बनाए रखें।

 

Edited By: Jp Yadav