जागरण संवाददाता, रोहतक : कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए थानों में संचालित महिला सेल को अस्थायी तौर पर बंद कर दिया गया है। केवल जरूरी मामलों की सुनवाई की जा रही है। इसके अलावा पहले से विचाराधीन घरेलू मामलों की काउंसिलिग करीब 20 दिनों के टाल दी गई है। हालात सामान्य होने पर महिला सेल को दोबारा से पहले की भांति शुरू किया जाएगा।

दरअसल, रोहतक में महिला थाना समेत अन्य थानों में भी महिला सेल बनाई गई है। अक्सर इनमें पति-पत्नी और सास-बहू समेत अन्य घरेलू मामलों का निपटारा कराया जाता है। प्रयास किया जाता है कि बिना किसी कानूनी कार्रवाई के काउंसिलिग के माध्यम से इनका निपटारा करा दिया जाए। महिला थाने की बात करें तो लॉकडाउन से पहले रोजाना से तीन-चार से मामले आते थे, लेकिन काउंसिलिग के दौरान कोरोना संक्रमण के फैलने का खतरा बढ़ जाता है। क्योंकि दोनों पक्षों को आमने-सामने बैठाकर काउंसिलिग की जाती है। ऐसे में महिला थाना समेत अन्य थानों में भी अगले करीब 20 दिनों के लिए काउंसिलिग को टाल दिया गया है। हालांकि जरूरी और गंभीर मामलों पर सुनवाई की जा रही है। यह है स्थिति

जिले में अभी तक 197 पुलिसकर्मी संक्रमित हो चुके हैं, जिसमें से 101 पुलिसकर्मी ठीक भी हो चुके हैं। फिलहाल में 96 पुलिसकर्मी संक्रमित हैं, जो अपने घर पर ही क्वारंटाइन हैं। जिले में करीब 93 फीसद पुलिसकर्मियों का टीकाकरण हो चुका है। वर्जन

कोरोना संक्रमण को देखते हुए फिलहाल करीब 20 दिनों के लिए महिला सेल को बंद किया गया है। विचाराधीन मामलों में काउंसिलिग के लिए इसके बाद की तारीख दी जा रही है। हालांकि जरूरी और गंभीर मामलों की सुनवाई की जा रही है। लोगों से भी अपील है कि कोरोना नियमों का पालन करें। केवल पीड़ित व्यक्ति ही थाने में आए। उसके साथ भीड़भाड़ ना हो।

- सुशीला, डीएसपी रोहतक