जागरण संवाददाता, रोहतक

ऋण के लिए आवेदन करने वालों के आवेदन-पत्रों का निर्धारित समय में समाधान न होने पर बैंक अधिकारियों पर कार्रवाई होगी। सभी बैंकों के अधिकारियों को सख्त हिदायत दी गई हैं। कड़ी चेतावनी दी है कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। इसके साथ ही बैंकों में संचालित तमाम योजनाओं के संचालन की भी समीक्षा की गई। जिन बैंकों के अधिकारी व कर्मचारी योजनाओं के क्रियान्वयन में लापरवाही बरत रहे हैं, उन्हें भी फटकार लगाई है।

जिला विकास भवन स्थित डीआरडीए सभागार में अतिरिक्त उपायुक्त अजय कुमार की अध्यक्षता में बैठक हुई। अग्रणी बैंक योजना की जिलास्तरीय समीक्षा समिति की बैठक में हिदायतें भी दी गईं। अधिकारियों ने चेतावनी दी कि ऋण से संबंधित आवेदकों का समाधान 14 से 60 दिनों के अंदर समाधान करना होता है। लेकिन कुछ शिकायतें मिली कि निर्धारित समय में समाधान नहीं हो रहा। यही कारण रहा कि लापरवाही बरतने वाले बैंक अधिकारियों व कर्मचारियों को चेतावनी दी है कि ऐसी शिकायतें मिली तो कड़ी कार्रवाई होगी। इस दौरान मण्डल कार्यालय रोहतक के उप मण्डल प्रमुख एके पटनायक, एलडीएम मुकेश जैन, भारतीय रिजर्व बैंक चंडीगढ़ से एलडीओ बीबी शर्मा, डीडीएम नाबार्ड विजय राणा, डीएसपी धर्म राज ने भाग लिया। इन योजनाओं की की गई समीक्षा

एलडीएम मुकेश जैन के मुताबिक, बैठक में सभी बैंकों के अधिकारियों, सभी सरकारी एजेंसियों के विभाग-प्रमुखों ने भाग लिया। बैठक में सभी सरकारी स्कीमों की समीक्षा की गई। प्रधानमंत्री जनधन योजना, भीम एप, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, मुद्रा योजना, स्टैंड अप इंडिया, आधार, रूपे कार्ड, प्राथमिकता क्षेत्र अग्रिम योजना, कृषि अग्रिम योजना, डीआरआइ, एनआराएलएम, एनयूएलएम, एचएसएफडीसी आदि की समीक्षा की गई। सभी अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि सभी स्कीमों व अग्रिमों के लक्ष्यों की प्राप्ति मार्च माह में कर ली जाएगी। ऋण संबंधित आवेदनों का निपटान 29 मार्च तक कर लिया जाएगा।

Posted By: Jagran

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप