पानीपत, जागरण संवाददाता। लगातार हो रही बारिश से खेतों में पानी जमा हो गया है। हरी सब्जियों की आवक प्रभावित हुई। सब्जियों की आवक कम होने से भाव आसमान को छूने लगे हैं। कुछ राज्यों में बाढ़ आने से किसानों की सब्जियों की फसल बर्बाद हुई है।

सब्जियों की आवक अचानक कम होने से कीमत आसमान छूने लगी है। आम लोगों की थाली से धीरे-धीरे सब्जी गायब होने लगी है। मटर का भाव 120 रुपये किलो, परवल 60 रुपये किलो, तोरी 40 रुपये, टमाटर 30 रुपये किलो, घिया 40 रुपये, प्याज 30 रुपये, आलू 20-25 रूपये किलो, गोभी 80 रुपये किलो, अरवी 40 रुपये किलो सहित अन्य सब्जियों को दाम भी आसमान छू रहे हैं।

सीमित आय वाले लोग अब हरी सब्जी के जगह भोजन में सोयाबीन, चना, सूखा मटर, दाल ज्यादा इस्तेमाल कर रहे हैं। बाजार में हिमाचल से टमाटर, मटर ,शिमला मिर्च की आवक हो रही है। कोल्ड स्टोर से गाजर आ रही है। इसका भाव 80 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गया है। फरवरी से लेकर मई तक टमाटर का भाव 10 रुपये फुटकर में चल रहा था जो अब तीन गुना अधिक चल रहा है।

सनौली रोड सब्जी मंडी में सब्जी खरीदने आई नरेश ने बताया कि सब्जी का दाम इतना अधिक बढ़ गया है। रसोई का बजट बिगड़ गया है। पहले जो सब्जी 100 रुपये खरीद कर ले जाती थी उसके 200-250 रुपये देने पड़ रहे हैं। किलो के भाव जो सब्जी खरीदते थे अब पाव के भाव से खरीदते हैं। दुकानदार भी पाव का भाव बताते हैं।

सब्जी आढ़ती अशोक ने बताया कि सस्ती खरीदकर सब्जी बेचने में जो कमाते तो अब महंगी बेचने पर भी नहीं कमा रहे हैं। भाव बढऩे से लागत बढ़ गई है। इसी काम के बदौलत परिवार की आजीविका चलाते हैं। महंगी सब्जी होने से बिक्री कम हो गई है।

भाव की स्थिति

            जून के भाव     जुलाई के भाव

टमाटर 10 रुपये किलो 30 रुपये किलो

मटर 60 रुपये किलो 120 रुपये किलो

गोभी 80 रुपये 100 रुपये

प्याज 20 रुपये 30 रुपये

आलू 15 25

शिमला मिर्च 40 60

तोरी 20 40

घिया 20 40

Edited By: Anurag Shukla